क्त्रन्हृष्ट॥: शहर के पार्को में अब सिर्फ घूमना ही नहीं होगा. यह लोगों की बीमारियों को दूर करने के लिए भी बेहतर जगह होगा. यहां एक नई कवायद शुरू हुई है. शहर के फेमस सर्जन डॉ. सुरेश अग्रवाल हर पार्क में चार हर्बल पौधे लगाने के अभियान में जुटे हैं जो सिटी के लोगों को स्वस्थ रखेगा. बता दें कि डॉ. सुरेश 20 साल से हर्बल मेडिसिन से इलाज कर रहे हैं. उनका दावा है कि कोई भी रोग होने पर बहुत दवा खाने की जरूरत नहीं है, बस आपके घर में अगर चार औषधीय प्लांट लगे हों तो आपको कोई बीमारी नही होगी.

वार्डो से की शुरुआत

डॉ. सुरेश अग्रवाल ने बताया कि रांची को पहली हर्बल सिटी बनाने की योजना जल्द ही जमीन पर नजर आएगी. इसकी शुरुआत पहले शहर के वार्डो से की गई है, जिसमें 53 वार्डो में चार प्रकार के पांच-पांच औषधीय पौधे लगाए जा रहे हैं. इस तरह सभी वार्डो में कुल 1,060 औषधीय पौधे लगेंगे. इन पौधों की खासियत है कि आम तौर पर होने वाले 15 तरह के रोग इनसे ठीक हो जाएंगे. योजना को धरातल पर उतारने के लिए टीम की ओर से सभी 53 वार्ड पार्षदों से बात की जा चुकी हैं.

पब्लिक प्लेस पर भी लगेंगे

डॉ. सुरेश अग्रवाल ने बताया कि इसके अलावा सिटी के सभी पार्को में, पब्लिक प्लेस, मंदिर, मस्जिद के साथ ही ऐसे जगहों पर यह हर्बल प्लांट लगाये जाएंगे, जहां पब्लिक बहुत अधिक संख्या में पहुंचती है. खास बात यह होगी कि इन पौधों को बचाने की जिम्मेवारी भी आम पब्लिक की होगी.

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20 साल से हर्बल मेडिसन से कर रहे इलाज

डॉ. सुरेश अग्रवाल बताते हैं कि पिछले 20 साल से मैं इन औषधीय प्लांट के जरिये लोगों का इलाज कर रहा हूं. चूंकि 21 पौधे आम इंसान अपने घर में नहीं लगा सकता है इसलिए केवल चार प्रकार के ऐसे हर्बल पौधों का चयन किया गया है जिनसे अधिक से अधिक सामान्य रोगों को ठीक किया जा सके. चारों प्रकार के ये सैकड़ों पौधे डॉ. सुरेश ने अपने घर के बगीचे में तैयार किए हैं. इस कॉन्सेप्ट को शहर में लागू करने के लिए एक टीम बनाई है, जिसमें डॉ. विवेक शर्मा और राजेंद्र अग्रवाल भी हैं. टीम के माध्यम से पहले वार्ड पार्षदों से मुलाकात कर उन्हें औषधीय पौधे भेंट किये गए. इसके बाद डॉ. सुरेश ने डिप्टी मेयर के सामने अपने प्रस्ताव को रखा, हर्बल सिटी से संबंधित 10 मिनट का प्रेजेंटेशन नगर निगम की बोर्ड बैठक में भी दिखाया गया था.

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चारों प्लांट से इन रोग का होगा खात्मा

अमृता: बुखार, टीबी, लीवर की बीमारी, कमजोरी, भूख न लगना्र, चर्म रोग, खुजली, फोड़ा-फुंसी, खांसी, दमा, हड्डी टूटने पर व डायबिटीज का अमृता प्लांट के जरिये इलाज से होगा खात्मा .

सेंदवार: गले में खरास फेरिगजाइटिस, जोड़ों में सूजन या दर्द, पीरियड्स में दर्द की प्रॉब्लम सेंदवार प्लांट के जरिये इलाज से होगी दूर.

हरश्रृंगार: साइटिका, आंव, मोटापा, बालों में रूसी, पेट की जोंक, कालाजार, खांसी, हाइपोथायराइड जैसे रोग हरश्रृंगार पौधे के जरिये इलाज से होंगे दूर

वासक: हर प्रकार की खांसी, ब्रोंकाइटिस, पसीने की दुर्गघ, आंख आने पर, दमा,, बवासीर, पीलिया, चर्म रोग में वासक प्लांट के जरिये इलाज साबित हो रहा कारगर.