-रेलवे पुलिस ने बनाया मोबाइल एप, अब यात्रियों को नहीं रोकनी पड़ेगी ट्रेन

-पैसेंजर चलती ट्रेन में ही दर्ज करा सकेंगे रिपोर्ट

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VARANASI

पैसेंजर्स की बड़ी परेशानी को रेलवे ने कम कर दिया है. यह परेशानी यात्रियों और उनके सामान की सुरक्षा से जुड़ी है. इसलिए ये खबर आपके लिए बहुत काम की है. रेलवे की इस नई सुविधा के थ्रू आप चलती ट्रेन में चोरी और स्नैचिंग की वारदात होने पर एफआईआर दर्ज करा सकेंगे. रेलवे यह सुविधा 10 अक्टूबर से यात्रियों देने लगी है. रेलवे पुलिस ने इसके लिए एक खास मोबाइल एप तैयार किया है.

चाहकर भी दर्ज नहीं करा पाते रिपोर्ट

चलती ट्रेन में पैसेंजर्स के साथ अक्सर स्नैचिंग और चोरी की घटना होती है. खासकर तब जब ट्रेन रेंगते हुए स्टेशन को छोड़ने वाली होती है. रेंगती हुई ट्रेन में पैसेंजर के चढ़ते समय सामान पर झपट्टा मारने के अलावा चोर चेन स्नैचिंग कर लेते हैं. ऐसे में पीडि़त यात्री जब तक चेन पुलिंग करता है तब तक चोर बहुत दूर निकल चुका होता है. स्टेशन पर उतरकर रिपोर्ट दर्ज कराना और भी दूभर काम हो जाता है.

जीआरपी ने समझा पैसेंजस का दर्द

जीआरपी को पैसेंजर्स और उनके सामान की सिक्योरिटी करने का जिम्मा मिला हुआ है. इसी को देखते हुए जीआरपी ने सहयात्री नाम से एक एप लांच किया है. यह मोबाइल एप 10 अक्टूबर को लांच हो गया. इस एप का फायदा ये मिलेगा कि अगर चलती ट्रेन में किसी भी पैसेंजर के साथ कोई वारदात हो जाती है तो वह ट्रेन को बिना रोके अपने एंड्रॉयड फोन से ही एप की मदद लेकर एफआईआर दर्ज करा सकता है. इतना ही नहीं जीआरपी के वर्क से रिलेटेड अपने एक्सपीरिएंस भी इस एप पर दर्ज करा सकेंगे.

एफआईआर को रुकती है ट्रेन

ट्रेन में स्नैचिंग व सामान चोरी होने पर पैसेंजर्स अगले स्टेशन पर इसकी रिपोर्ट दर्ज कराते हैं. जिसके लिए ट्रेन को रोकना पड़ता है. कई बार पैसेंजर्स ट्रेन को बीच में ही छोड़ देता है. जिसमें रेलवे व पैसेंजर्स दोनों को नुकसान होता है. पता चला ट्रेन रेलवे स्टेशन से जैसे ही चली वैसे ही पैसेंजर ने चेन पुलिंग कर दी. इसके चलते कई बार ट्रेन स्टेशन पर रूकी रहती है. वो आगे रवाना नहीं हो पाती है. इसको देखते हुए जीआरपी ने यह मोबाइल एप जारी किया. जिससे सामान चोरी होने और स्नैचिंग की स्थिति में चलती ट्रेन में ही एफआईआर दर्ज किया जा सके.

वर्जन---

पैसेंजर्स की सुविधा के लिए रेलवे लगातार एक के बाद एक उपयोगी कदम उठा रहा है. इसी क्रम में मोबाइल एप के थ्रू चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराने की सुविधा दी गयी है. जिससे उनको बहुत फायदा होगा.

अखिलेश राय सीओ, जीआरपी