क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ: रिम्स के इमरजेंसी काउंटर में काम कर रहे स्टाफ्स पर कुछ बाहरी युवकों ने हमला कर दिया. बातचीत से शुरू हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया. इसके बाद दोनों ओर से जमकर हाथापाई हुई. इसके बाद कुछ स्टाफ्स तो वहां से अपनी जान बचाकर भाग निकले. इस दौरान वहां मौजूद सिक्योरिटी गार्ड ने बीच बचाव की कोशिश नहीं की और न ही सैप के जवानों ने. यह देख रजिस्ट्रेशन काउंटर के स्टाफ्सने काम ठप करा दिया. उनका कहना था कि जबतक हमला करने वालों पर कार्रवाई नहीं होती है वे लोग काम पर नहीं लौटेंगे. वहीं कंप्लेन लेकर सुपरिंटेंडेंट के पास पहुंचे. लेकिन वह भी जैसे-तैसे मामले को निपटाने में जुटे रहे. हालांकि सीसीटीवी फुटेज से साफ है कि कुछ युवक काउंटर पर पहुंचे और फिर मारपीट शुरू कर दी.

पूर्व सिक्योरिटी सुपरवाइजर का बेटा भी शामिल

काउंटर पर काम करने वाले स्टाफ पर हमला करने वालों में पूर्व सिक्योरिटी सुपरवाइजर का बेटा भी शामिल था. यह आरोप कंप्लेन करने वाले स्टाफ ने लगाया है. वहीं बस्ती के कुछ युवक भी उनके साथ मारपीट में शामिल थे. साथ ही स्टाफ ने कहा कि आखिर सुपरिंटेंडेंट आरोपियों को बचाने में क्यों लगे हुए हैं. इससे पहले भी उस पर कई बार आरोप लगाए गए हैं, लेकिन कार्रवाई के नाम पर रिम्स प्रबंधन ने कुछ नहीं किया.

वर्जन

दोनों पक्ष के लोग आए थे कंप्लेन करने. हमने लिखित में शिकायत करने को कहा है. इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.

डॉ. विवेक कश्यप, सुपरिंटेंडेंट, रिम्स