- मेडिकल पुलिस ने कत्ल में वांटेड को धर दबोचा

- बबीता चौधरी और उसकी मुंह बोली भतीजी वांटेड

- बबीता अब तक करा चुकी कई मर्डर, हिस्ट्रीशीटर

Meerut : मेडिकल थाना पुलिस को एक सनसनीखेज कत्ल के केस में लंबे समय बाद सफलता मिली. जिसमें कत्ल के आरोपी को दबोच लिया गया. लंबे समय बाद हत्थे चढ़े आरोपी ने कई खोले. जिसमें कत्ल की आरोपी हमेशा सुर्खियों में रहने वाली बबीता चौधरी है. इस कत्ल में दो आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं और अब बबीता व उसकी मुंह बोली भतीजी वांटेड हैं. बबीता चौधरी पहले ही हिस्ट्रीशीटर भी रही है. जिसने अपने जेठ के कत्ल की सुपारी के बदले इस कत्ल को अंजाम दिया.

यह था मामला

पुलिस के अनुसार क्8 मई ख्0क्ख् को बंटू उर्फ सुशील पुत्र राम प्रह्लाद यादव निवासी नंगला जवाहरी थाना निदोली कला एटा की हत्या कर दी गई थी. इस हत्या में मृतक के परिजनों ने ख्0क्फ् में कोर्ट के आदेश पर थाना मेडिकल में दर्ज हुआ था. जिसमें जयदेवी नगर थाना नौचंदी के रहने वाले बबलू उर्फ बसंत शर्मा और उसकी पत्नी कोमल को नामजद कराया गया था. बबलू की तलाश में पुलिस लगी हुई थी. वह लगातार फरार चल रहा था. जिसको गरुवार के दिन मुखबिर की सूचना पर दबोच लिया.

यह हुआ खुलासा

जैसे ही बबलू पकड़ा गया तो उसने कत्ल के सारे राज खोल दिए. बबलू ने खुद को बबीता चौधरी का ड्राईवर बताया. जो परमानेंट बबीता चौधरी के साथ ही रहता है. साथ ही उसका बबीता चौधरी की मुंह बोली भतीजी कोमल के साथ अफेयर भी चल रहा है. इसके चलते मृतक के परिजनों ने कोमल को बबलू उर्फ बसंत की पत्नी बताया गया था. बबलू के अनुसार इस कत्ल में बबीता चौधरी पत्नी मनोज यादव निवासी सराय काजी थाना मेडिकल व इसकी भतीजी कोमल और सचिन चिरौड़ी पुत्र ऋषिपाल निवासी चिरौड़ी दौराला शामिल थे.

सुपारी के बदले बंटू

पुलिस का कहना है कि बबीता चौधरी ने सचिन चिरौड़ी को सुपारी देकर अपने जेठ की हत्या करवाई थी. जिसमें वह सुपारी के पैसे सचिन को नहीं दे पाई थी. जेठ के कत्ल के आरोप में बबीता चौधरी और सचिन जेल गए थे. जहां जेल में अजय जडेजा से सचिन की अनबन हो गई थी. मरने वाला बंटू उर्फ सुशील यादव अजय जडेजा का साथी था. कुछ दिन बाद बबीता चौधरी और सचिन छूटकर आ गए. सचिन का जडेजा से पंगा होने पर गुस्सा भरा हुआ था. बंटू का बबीता के घर आना जाना था.

बंटू का कत्ल

सचिन ने बबीता से कहा था कि वह बंटू को उसे दे देगी तो वह सुपारी के पैसे माफ कर देगा. जिसको लेकर बबीता राजी हो गई. क्8 मई ख्0क्ख् को बंटू कोर्ट में आया था. जिसको बबीता अपने घर बुलाकर ले आई थी. जहां ये सभी लोग मौजूद थे. बबीता ने बंटू को खाने में नशीला पदार्थ दिया और बेहोश कर दिया. इसके बाद बंटू को कार में डालकर बबीता चौधरी, सचिन और बबलू डिडौली अमरोहा ले गए. जहां उसको सचिन ने गोली मार दी और बंटू को जंगल में फेंक कर आ गए. बबलू कत्ल की जगह भी दिखाई. जहां संबंधित थाने की पुलिस से बातचीत की गई तो एक बॉडी मिलने की बात सामने आई. जब उसकी पहचान परिजनों से कराई गई तो मरने वाला बंटू ही था.

दो वांटेड बचे

उस रोज घर पर केवल कोमल ही रह गई थी. बबलू ने पकड़े जाने के बाद पूरी बातें कबूल लीं. बंटू की हत्या का मामला अज्ञात में दर्ज हुआ था. कुछ दिन पहले सचिन चिरौड़ी मुरादनगर से जेल चला गया. अब दो महिलाएं बबीता चौधरी और उसकी मुंह बोली भतीजी कोमल बची हैं. इनकी तलाश में पुलिस लगी हुई है. जिनको जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा. पूरे मामले का खुलासा बबलू के पकड़े जाने के बाद ही खुलकर सामने आया.