एक अप्रैल से लागू होगी सीए की नई आचार संहिता

दिल्ली, कोलकाता सहित अन्य राज्यों से आए सीए सेमिनार में हुए शामिल

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PRAYAGRAJ: इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया की प्रयागराज शाखा द्वारा पेशेवर नैतिकता और आयकर पर सेमिनार का आयोजन शनिवार को सिविल लाइंस स्थित एक होटल में किया गया. जिसमें देश के कई शहरों से आए चार्टर्ड एकाउंटेंट ने भाग लिया.

ऑनलाइन यूनिक नंबर जेनरेट करना होगा

संगोष्ठी में यूडीआइएएन (उदियन) पर विशेष रूप से चर्चा हुई. चीफ गेस्ट मध्य भारत क्षेत्रीय परिषद के अध्यक्ष सीए मुकेश बंसल ने उदियन की आचार संहिता के बारे में बताया. कहा कि एक जुलाई 2019 से लागू इस व्यवस्था में सीए को अपने किसी ग्राहक को प्रमाण पत्र देने से पहले उदियन के तहत ऑनलाइन यूनिक नंबर जेनरेट करना होगा. यह 18 अंकों का ऐसा नंबर है जिसके जरिए सीए से मिलने वाले प्रमाण पत्र की असलियत का ऑनलाइन पता लगाया जा सकता है.

जीएसटी ऑडिटर जीएसटी रिटर्न दाखिल कर सकते हैं

सीए रणजीत कुमार अग्रवाल ने कहा कि एक अप्रैल 2020 से सीए की नई आचार संहिता लागू हो रही है. अभी तक सीए आचार संहिता 2009 का अनुसरण कर रहे थे लेकिन, अब एक अप्रैल 2020 से नई आचार संहिता 2019 का पालन किया जाएगा. कहा कि अब जीएसटी ऑडिटर जीएसटी रिटर्न दाखिल कर सकते हैं. सीए निश्चित दिशा निर्देश के अधीन कारपोरेट फार्म में काम कर सकते हैं. कहा कि अब हर चार्टर्ड एकाउंटेंट को केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) प्रारूप पर फाइल रखने की आवश्यकता होगी.

बेनामी संपत्ति पर बढ़ेगी कार्रवाई

बेनामी संपत्ति पर चर्चा करते हुए कहा कि बेनामी का शाब्दिक अर्थ है बिना नाम के. कानूनी या एक काल्पनिक मालिक के बिना जो संपत्ति होती है उसे बेनामी संपत्ति कहा जाता है. उन्होंने बेनामी संपत्ति, इसके उपयोग और लेनदेन पर विस्तार से चर्चा की. सीए विपिन गर्ग ने बेनामी कानून और वित्त विधेयक 2019 का विश्लेषण-प्रत्यक्ष कर में आयकर रिटर्न में परिवर्तन के व्यावहारिक पहलू की जानकारी दी. उपाध्यक्ष सीए दिव्या चंद्रा ने संचालन किया. इस अवसर पर सीए अतुल अग्रवाल, अभिषेक पांडेय आदि सीए मौजूद रहे.