-कूट रचित दस्तावेजों से खोला था बैंक एकाउंट

-मुकदमा दर्ज होने पर पुलिस ने किया गिरफ्तार

GORAKHPUR: मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन कांड के आरोपित डॉक्टर कफील खान उनके भाई आदिल को कैंट पुलिस ने अरेस्ट किया. यूनियन बैंक की मेन ब्रांच में फर्जी तरीके से एकाउंट खोलकर दो करोड़ रुपए ट्रांजेक्शन करने के मामले में एफआईआर दर्ज कराई गई थी. पुलिस की जांच में आदिल की भूमिका सामने आई. डॉ. कफील पर साजिश रचने का चार्ज किया गया है. सीओ कैंट प्रभात राय ने बताया कि फर्जी तरीके से एकाउंट खोलकर अवैध ढंग से रुपए का ट्रांजेक्शन एकाउंट के जरिए हुआ था. एकाउंट में आने वाली रकम किस प्रकार की थी. इसकी जांच-पड़ताल की जा रही है. इस मामले में दो जुलाई को एफआईआर दर्ज कराई गई थी.

फर्जी तरीके से एकाउंट खोलकर िकया लेनदेन

राजघाट एरिया के शेखपुर मोहल्ला निवासी मुजफ्फर आलम ने तहरीर दी. उसने पुलिस को बताया कि उसकी फोटो और ड्राइविंग लाइसेंस का इस्तेमाल कर फर्जी तरीके से एकाउंट खोला गया है. 2009 में यूनियन बैंक में खुले एकाउंट में फोटो उसकी लगी है, जबकि एकाउंट का संचालन फैजान नाम से हो रहा है. एकाउंट होल्डर के जमानत आदिल खान ने ली है. 2014 में बैंक एकाउंट खुलने की जानकारी होने पर मुजफ्फर ने आपत्ति जताई तो बैंक ने एकाउंट क्लोज कर दिया. इस मामले में कार्रवाई के लिए उसने पुलिस को सूचना दी. दो जुलाई को कैंट पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली. छानबीन में सामने आया कि किसी अन्य की फोटो लगाकर किसी दूसरे के नाम से एकाउंट ओपेन किया गया. प्रमाण के रूप में लगा डाइविंग लाइसेंस भी फर्जी निकला. जिसके नाम का डीएल था. वह दूसरे के रजिस्ट्रेशन नंबर पर बना था.

डॉक्टर कफील ने एकाउंट से बनवाया था डीडी

जांच पड़ताल के दौरान सामने आया कि आदिल ने फर्जीवाड़ा कर रुपए की हेराफेरी की है. उसी एकाउंट से महिला यूनिवर्सिटी पढ़ने के दौरान 2009 में डॉ. कफील ने तीन लाख 81 हजार रुपए का लेनदेन किया था. उसने फर्जी एकाउंट से डिमांड ड्राफ्ट बनवाया था. विवेचना में डॉक्टर कफील का नाम सामने आने पर पुलिस हरकत में आ गई. कोर्ट में दिए गए बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस टीम ने छापेमारी की. रविवार दोपहर करीब डेढ़ बजे आदिल खान को पुलिस ने बसंतपुर मोहल्ले स्थित आवास से पकड़ा. जबकि, वहां से कुछ दूरी पर मौजूद डॉक्टर कफील की गिरफ्तारी दिखाई गई है. मुकदमे में आरोपित फैजान की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है. पुलिस का कहना है कि उसके भूमिका की जांच की जा रही है. उधर कफील खान ने आरोप लगाया कि जानबूझकर फर्जी तरीके से मुकदमे में फंसाया गया है. डॉक्टर कफील को अपना पक्ष रखने का मौका पुलिस ने नहीं दिया. आनन-फानन में मेडिकल परीक्षण कराकर पुलिस ने दोनों भाइयों को कोर्ट में पेश किया. इस दौरान कैंट थाना में भारी पुलिस बल का इंतजाम भी किया गया था.

वर्जन

मुकदमे की विवेचना में आदिल खान और डॉक्टर कफील खान की भूमिका सामने आई. इस आधार पर उनकी गिरफ्तारी की गई. अन्य अभियुक्तों के संबंध में जांच पड़ताल की जा रही है. फर्जी तरीकेसे एकाउंट खोलने में बैंक कर्मचारियों की भूमिका की जांच की जाएगी.

प्रभात कुमार राय, सीओ कैंट