आज से लागू होंगी बिजली के बढे़ हुए टैरिफ की दरें

Meerut. नियामक आयोग की ओर से जारी नई बिजली दरें आज यानि 12 सितंबर से लागू होने जा रही हैं यानि की अब एसी की ठंडक से लेकर कूलर हवा आम आदमी का पसीना निकालेगी. विद्युत नियामक आयोग ने नई बिजली दरों में 8 से 12 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की है. इसमें घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट करीब 60 पैसा का इजाफा किया गया है. यह दरें बुधवार रात से लागू कर दी जाएंगी.

ये होगा इजाफा

शहरी उपभोक्ताओं का फिक्स चार्ज 100 रुपए से बढ़ाकर 110 रुपए प्रति किलो वॉट

घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट 60 पैसे का इजाफा

1 से 150 यूनिट तक 4.90 रुपया से बढ़कर अब 5.50 रुपया प्रति यूनिट

151 से 300 यूनिट तक 5.40 रुपया से बढ़कर अब 6 रुपया प्रति यूनिट

301 से 500 यूनिट तक 6.20 रुपया से बढ़कर 6.50 रुपए प्रति यूनिट

500 यूनिट से अधिक पर 6.50 रुपया से बढ़कर 7 रुपए प्रति यूनिट का इजाफा

अनमीटर्ड उपभोक्ताओं की दरें भी अब 400 रुपये प्रतिमाह से बढ़कर हुई 500 रुपये प्रतिमाह

प्रीपेड मीटर उपभोक्ता को टैरिफ पर 2 प्रतिशत की मिलेगी छूट, अभी यह 1.25 फीसदी थी

बिजली कर्मचारियों और पेंशनरों को भी देना होगा बिजली का बिल

औद्योगिक उपभोक्ताओं के लिए 5 से 10 फीसदी दाम बढ़ाए गए

उद्योगों को अब प्रति यूनिट 30 पैसे अधिक देने होंगे

उद्योगों को गर्मियों में सुबह और सर्दियों के मौसम में रात में बिजली उपयोग करने पर 15 फीसदी तक मिलेगी छूट

भवन निर्माण, शादी व अन्य आयोजन के लिए अस्थायी कनेक्शन भी पहले से 500 से 700 रुपये तक हुआ महंगा

पब्लिक चार्जिंग स्टेशनों की टैरिफ दर 7.70 रुपये प्रति यूनिट

उपभोक्ताओं को 4.9 फीसदी रेगुलेटरी सरचार्ज से मिली छूट

फैक्ट

पीवीवीएनएल के 14 जिलों का संचालन मेरठ स्थित मुख्यालय से ही किया जाता है.

शहर में बिजली की डिमांड 500 मेगावाट

इसके सापेक्ष विभाग के पास केवल 450 मेगावाट बिजली ही उपलब्ध

शहर में करीब 50 मेगावाट बिजली की कमी

गर्मियों के दिनों में बिजली की यह डिमांड बढ़कर 600 मेगावाट तक पहुंच जाती है

पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम में 56 लाख के करीब कंज्यूमर

मेरठ में उपभोक्ताओं की संख्या करीब 7 लाख

33 केवीए के बिजली घरों की शहर में संख्या करीब 51

मेरठ से मिलने वाला सालाना राजस्व करीब 950 करोड

आज से नई टैरिफ दरों को लागू किया जा रहा है. जो भी यूनिट में बढोत्तरी हुई है उसी के अनुसार 12 सितंबर से बिल बनेगा.

बीएस यादव, चीफ इंजीनियर