- प्रतिदिन 100 किग्रा से अधिक कचरा उत्पन्न करने वालों को करना होगा खुद निस्तारण

- नगर निगम ने दिए आदेश, कर्मचारी ने नहीं उठाएंगे कचरा

आगरा. शहर में होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को खुद ही कचरे का निस्तारण करना होगा. ताजनगरी में डलाबघर समाप्त होंगे. अब बड़े संस्थानों, होटलों, रेस्टोरेंट को खुद कचरे का निस्तारण करना होगा. शहर में ऐसे संस्थान, जहां से प्रतिदिन 100 किलोग्राम से अधिक कचरा उत्पन्न होता है, वह स्वयं ही कचरे का निस्तारण करेंगे. निगम के सफाई कर्मचारी कचरे का कलैक्शन नहीं करेंगे.

कचरा प्रबंधन नियमावली 2016 में था प्रावधान

कचरा प्रबंधन नियमावली 2016 में ये प्रावधान था कि होटल और रेस्टोरेंट और जो बड़े संस्थान हैं, उन्हें अपने कचरे का खुद ही निस्तारण करना था. इसमें गीला और सूखा दोनों तरह के कूड़े का निस्तारण करना था. ये नियम एक वर्ष पहले ही लागू होना था. जो अभी तक नहीं हो सका था. अब नगर निगम ने इस संबंध में होटल और रेस्टोरेंट को नोटिस जारी किया है. इसमें अभी 133 संस्थानों को चिह्नित किया गया है. इसमें सरकारी और गैर सरकारी परिसर भी शामिल है. ये ऐसे स्थान हैं, जहां हर रोज 100 किग्रा. या उससे ज्यादा कचरा पैदा होता है. इसमें गीला और सूखा कचरा शामिल है. इसमें होटल, बारातघर, गेटबंद कॉलोनी, फैक्ट्री को शामिल किया गया है.

ऐसे हो सकेगा कचरे का निस्तारण

गीले व सूखे कचरे का निस्तारण तीन तरीके से किया जा सकेगा. इस बारे में अपर नगर आयुक्त विजय कुमार ने बताया कि सॉलिड वेस्ट मैनेंजमेंट 2016 के अन्तर्गत दोनों तरह के कचरे का निस्तारण करना होगा. इसमें बायोडिग्रेडेबल वेस्ट, कंपोस्टर या मशीन के माध्यम से किया जा सकेगा. अगर सूखे कचरे का पेमेंट करते हैं, तो निगम उसका निस्तारण कर सकेगा. अभी तक होटल, रेस्टोरेंट पेमेंट नहीं करते हैं. बता दें कि गीले कचरे में रसोई घर से निकला कचरा, सॉलिड पेपर मीट, सब्जी के छिलके आदि शामिल हैं.

सिटी में हर रोज निकलता है 784.12 मीट्रिक टन कचरा

सिटी में हर रोज आमतौर पर 784.12 मीट्रिक टन कचरा निकलता है. इसमें 100 वार्डो की अलग-अलग कैटेगरीज शामिल हैं. जिसमें डोमिस्टक हाउस होल्ड, कमर्शियल होटल, रेस्टोरेंट, कंस्ट्रक्शन, स्ट्रीट स्वीपिंग समेत अन्य कैटेगरीज शामिल हैं.

वर्जन

हम लोग हाउस टैक्स, वाटर टैक्स देते हैं. हमें ऐसे किसी नियम की जानकारी नहीं है. पहले नगर निगम कचरा उठाने का ज्यादा चार्ज लेता था, इसमें कमेटी बनाई थी. जो कमेटी ने फैसला किया था. हमने उसे मान्य कर लिया था.

राकेश चौहान अध्यक्ष होटल रेस्टोरेंट एसोसिएशन

वर्जन

होटल-रेस्टोरेंट, बारात घर को अपने कचरे का खुद ही प्रबंधन करना है. ये सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट 2016 में प्रावधान था. इसमें नोटिस जारी कर 15 दिन में जवाब मांगा है.

विजय कुमार अपर नगर आयुक्त आगरा