Aaj ka Panchang 27 Feb 2021: शनिवार के शुभ मुहूर्त, राहुकाल व दिशाशूल की स्थिति, आज के दिन इस दिशा में यात्रा करने से बचें

Daily Panchang in Hindi 27 February 2021: तिथि नक्षत्र वार योग और करण से मिलकर पंचांग बनता है। शनिवार 27 फरवरी 2021 के दैनिक पंचाग के मुताबिक शुभ मुहूर्त राहुकाल सूर्योदय और सूर्यास्‍त का समय तिथि नक्षत्र सूर्य करण चंद्र व दिशाशूल की स्थिति मास व पक्ष की समस्‍त जानकारी यहां दी गई है।

Updated Date: Sat, 27 Feb 2021 09:11 AM (IST)

डाॅ. त्रिलोकीनाथ (ज्योतिषाचार्य और वास्तुविद)। Dainik Panchang 27 Feb 2021 शनिवार को पूर्णिमा तिथि 24:47:46 तक तदोपरान्त प्रतिपदा तिथि है। पूर्णिमा तिथि के स्वामी चन्द्र देव हैं तथा प्रतिपदा तिथि के स्वामी अग्नि देव हैं। शनिवार के दिन पीपल के नीच हनुमान चालीसा पढ़ने और गायत्री मंत्र का जाप करने से भय नहीं लगता है और समस्त बिगड़े काम बनने लगते हैं। आज के दिन पूर्व दिशा की यात्रा नहीं करना चाहिए यदि यात्रा करना ज्यादा आवश्यक हो तो घर से अदरक खाकर जायें। इस तिथि में घी नही खाना चाहिए यह तिथि रत्न धारण, शिल्प कार्य और आभूषण धारण करने के लिए शुभ है। दिन का शुभ मुहूर्त, दिशाशूल की स्थिति, राहुकाल एवम् गुलिक काल की वास्तविक स्थिति के बारे में जानकारी आगे दी गई है।

27 फरवरी 2021 दिन-शनिवार का पंचांगसूर्योदयः- प्रातः 06:27:24सूर्यास्तः- सायं 05:53:47
विशेषः- शनिवार के दिन पीपल के नीच हनुमान चालीसा पढ़ने और गायत्री मंत्र का जाप करने से भय नहीं लगता है और समस्त बिगड़े काम बनने लगते हैं।विक्रम संवतः- 2077शक संवतः- 1942आयनः- दक्षिणायनऋतुः- बसंत ऋतुमासः- माघ माहपक्षः- शुक्ल पक्षतिथिः- पूर्णिमा तिथि 24:47:46 तक तदोपरान्त प्रतिपदा तिथितिथि स्वामीः- पूर्णिमा तिथि के स्वामी चन्द्र देव हैं तथा प्रतिपदा तिथि के स्वामी अग्नि देव हैं।


नक्षत्रः- माघ 11:18:54 तक तदोपरान्त पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्रनक्षत्र स्वामीः- माघ नक्षत्र के स्वामी केतु हैं तदोपरान्त पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र के स्वामी शुक्र हैं।योगः- सुकर्म 19:36:54 तक तदोपरान्त धृतिगुलिक कालः- शुभ गुलिक काल 06:48:00 से 08:15:00 तकदिशाशूलः- आज के दिन पूर्व दिशा की यात्रा नहीं करना चाहिए यदि यात्रा करना ज्यादा आवश्यक हो तो घर से अदरक खाकर जायें।राहुकालः- आज का राहु काल 09:41:00 से 11:07:00 तकतिथि का महत्वः- इस तिथि में घी नही खाना चाहिए यह तिथि रत्न धारण, शिल्प कार्य और आभूषण धारण करने के लिए शुभ है। “हे तिथि स्वामी, योग स्वामी, नक्षत्र स्वामी, दिन स्वामी आप पंचांग का पाठन करने वालों पर अपनी कृपा दृष्टि बनाये रखना।”

Posted By: Shweta Mishra
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.