IPL 2020: इस भारतीय क्रिकेटर के साथ U-15 खेलने वाले हैं राहुल तेवतिया, आज बन गए हैं IPL के स्टार

Updated Date: Mon, 28 Sep 2020 05:54 PM (IST)

IPL 2020 में किंग्स इलेवन पंजाब के मुंह से जीत छीनकर लाए RR के बल्लेबाज राहुल तेवतिया की हर कोई तारीफ कर रहा। राहुल तेवतिया कौन हैं और कहां से आए हैं। आइए जानते हैं इस नए आईपीएल स्टार के बारे में।

नई दिल्ली (पीटीआई)। IPL 2020 में KXIP के खिलाफ 31 गेंदों में 53 रन बनाने वाले RR के ऑलराउंडर राहुल तेवतिया की हर तरफ चर्चा है। तेवतिया ने जिस तरह से पंजाब के मुंह से जीत छीनी, हर कोई उनकी बैटिंग से इंप्रेस हो गया। शेल्डर काॅटरेल के एक ओवर में पांच छक्के लगाकर तेवतिया रातों-रात स्टार बन गए। तेवतिया इंडियन प्रीमियर लीग में नए नहीं है वह सालों से खेल रहे। मगर उन्हें चमकने का मौका आज मिला। राहुल को कोचिंग देने वाले कोच विजय यादव ने अपने शिष्य की जर्नी को याद किया।

सात सालों से घरेलू क्रिकेट में बेहतर
यादव कहते हैं, 'मैंने राहुल (तेवतिया) से हमेशा कहा कि वह एक दिन आईपीएल में अपनी बैटिंग के दम पर छा जाएगा।' गुरु की ये बात आखिरकार सच साबित हुई। तेवतिया हरियाणा से आते हैं जहां लेग स्पिनर्स की भरमार रही है। अमित मिश्रा से लेकर युजवेंद्र चहल तक सभी हरियाणा से खेलकर टीम इंडिया और आईपीएल तक पहुंचे। अब बारी तेवतिया की है, पिछले सात सालों से सीनियर क्रिकेट में तेवतिया शानदार प्रदर्शन करते आए हैं।

कोच ने याद की नन्हें तेवतिया की यादें
भारत के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज विजय यादव कहते हैं, 'उन्हें आज भी याद है जब 1998-99 में एक आठ साल का शर्मीला बच्चा उनकी 'क्रिकेट गुरुकल' में आया था।' यादव ने कहा, "तेवतिया के पिता फरीदाबाद की एक अदालत में वकील हैं और वे एक मध्यमवर्गीय परिवार के हैं। तेवतिया के परिवार में हर कोई राहुल को बड़ा क्रिकेटर बनाने के लिए जूनूनी सा था। न सिर्फ उनके पिता बल्कि उनके अंकल भी उन्हें छोड़ने आए थे और वे किसी भी आकांक्षी माता-पिता की तरह थे यदि उनके बच्चे को बल्लेबाजी या गेंदबाजी करने का मौका नहीं मिलता था। यह ऐसा था जैसे पूरा परिवार उसे क्रिकेटर बनाना चाहता था।"

चहल के साथ शुरु किया था करियर
आपको बता दें राहुल तेवतिया और युजवेंद्र चहल का करियर साथ में ही शुरु हुआ था। दोनों ने अंडर -15 और अंडर -19 साथ में खेला है।यादव ने कहा, "एक खिलाड़ी को अपनी ताकत के बारे में पता होना चाहिए और जब राहुल अपनी किशोरावस्था में था, तो वह हमेशा चहल के साथ प्रतिस्पर्धा करता था। मैंने उसे कुछ चीजों के बारे में अवगत कराया। मैंने उससे कहा कि वह एक उपयोगी लेग स्पिनर हो लेकिन अमित और चहल अधिक कुशल गेंदबाज हैं। ऐसे में तुम अपनी ताकत बल्लेबाजी में बनाओ। मैंने उससे कहा कि आप इस बल्लेबाजी से आईपीएल का खेल जीत सकते हैं।" यादव ने कहा, "मैंने उन्हें बताया कि सफेद गेंद उनकी कॉलिंग थी और नेशनल अंडर -22 में, उन्होंने रायपुर में डेब्यू मैच में 90 से अधिक रन बनाए। वह बल्लेबाजी ऑलराउंडर के रूप में काफी आगे बढ़ सकते हैं।'

बिग हिटर बनने में सक्षम
लॉकडाउन के दौरान भी, तेवतिया, उत्तर प्रदेश और कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाड़ी रिंकू सिंह के साथ, उनकी अकादमी में नेट्स के लिए आते थे और जब भी गेंद राहुल के बल्ले से निकलती तो सड़क पर ही जाकर गिरती थी। यादव ने बताया, "मुझे आश्चर्य नहीं है कि उसने एक ओवर में पांच छक्के मारे। वह ऐसा करने में सक्षम है।' यादव, जिन्होंने कभी 1992-93 में भारत के पहले दौरे के दौरान एकदिवसीय मैच जीतने के लिए दक्षिण अफ्रीका में एक बेहतरीन पारी खेली थी, वह तेवतिया को लेकर काफी आश्वस्त हैं। वह कहते हैं, 'बस एक बात जान लो। हाल के वर्षों में हरियाणा के सभी खिलाड़ियों को टीम इंडिया में मौका मिला है। चाहे वह जोगी (जोगिंदर शर्मा), मोहित (शर्मा), युजी (युजवेंद्र चहल) या जयंत (यादव) हो। राहुल की ताकत व्हाइट बाॅल क्रिकेट है और उसे इसी में चमकना है।'

Posted By: Abhishek Kumar Tiwari
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.