आतंकवादियों का समर्थन करने वाले देशों को करना होगा अलग थलग: उपराष्ट्रपति नायडू

Updated Date: Thu, 21 May 2020 02:49 PM (IST)

उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने गुरुवार को आतंकवाद विरोध दिवस पर कहा कि सभी देशों को एक साथ आगे आ कर आतंकवाद का समर्थन करने वाले देशों को अलग-थलग करना होगा।

नयी दिल्ली (पीटीआई)। आतंकवाद विरोध दिवस के पर उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने देश को आतंकवाद से बचाने के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वालों को श्रद्धांजलि दी। साथ ही उन्होंने कहा कि ये केवल एक देश की समस्या नहीं है इसलिए सभी राष्ट्र एक साथ आयें और टैरेरिज्म को सपोर्ट करने देशों को सबसे काट कर आइसोलेट करें।

आतंकवाद मानवता के लिए अभिशाप है, विश्व शांति के लिए सबसे बड़ा खतरा है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय को चाहिए कि आतंक को किसी भी रूप में प्रश्रय और समर्थन देने वाले राष्ट्रों को अलग-थलग करे। #AntiTerrorismDay

— Vice President of India (@VPSecretariat) May 21, 2020सचिवालय ने किया ट्वीट

नायडू ने अपने सचिवालय द्वारा ट्वीट किए गए मैसेज में कहा कि, 'आतंकवाद विरोध दिवस पर, मैं उन सभी बहादुर बेटों और बेटियों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं, जिन्होंने मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी।' उन्होंने ये भी कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई अकेले सुरक्षा बलों की जिम्मेदारी नहीं है बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। साथ ही उन्होंने कहा कि, "आतंकवाद मानवता का दुश्मन है और वैश्विक शांति के लिए सबसे बड़ा खतरा है। सभी देशों को एक साथ उन राष्ट्रों को अलग-थलग करना होगा जो किसी भी रूप में आतंकवाद का समर्थन और सहयोग करते हैं।"

इस दिन हुई राजीव गांधी की हत्या

21 मई, 1991 में इसी दिन पूर्व प्रधान मंत्री राजीव गांधी की हत्या की गई थी। उसके बाद ही 21 मई को आतंकवाद विरोधी दिवस के तौर पर मनाने का फैसला किया गया। तभी से पूरे देश में आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया जाता है, जिसका मकसद लोगों को आतंकवाद के खतरे से लोगों को अवगत कराना है।

Posted By: Molly Seth
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.