मिड डे मील में गड़बडि़यों पर जागी सरकार

Updated Date: Fri, 17 Jun 2016 07:41 AM (IST)

-सभी संबंधित पदाधिकारी प्रमंडलवार तलब, 20 से बैठक

-कई स्कूलों में भोजन खाने से बच्चे हुए हैं बीमार

रांची : स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग ने सरकारी स्कूलों में बच्चों के मिड डे मील में आ रही शिकायतों के बाद जिलों के संबंधित पदाधिकारियों को तलब किया है। इसे लेकर सभी जिलों की प्रमंडलवार बैठक बुलाई गई है। 20 जून को दक्षिण छोटानागपुर, 21 को उत्तर छोटानागपुर, 23 को कोल्हान और पलामू तथा 24 जून को संताल प्रमंडल के जिलों की बैठक होगी।

बीमार हो गए थे बच्चे

हाल ही में गोड्डा के दो स्कूलों तथा गिरिडीह व चतरा के एक-एक स्कूल में मिड डे मील खाने से कई बच्चे बीमार हो गए थे। विभाग ने इस पर संबंधित उपायुक्तों से रिपोर्ट भी तलब की है। इधर, विभाग सभी उपायुक्तों को अलग से पत्र भेजकर मिड डे मील में इस तरह की घटना से बचने के लिए विभाग के निर्देशों का कठोरता से पालन सुनिश्चित कराने को कहा जा रहा है। विभाग का मानना है कि प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी नियमित रूप से स्कूलों का भ्रमण नहीं करते, जिससे इस तरह की घटनाएं हो रही हैं।

खाद्यान्न की एसएमएस से मानिट¨रग

विभाग मिड डे मील योजना के तहत स्कूलों में खाद्यान्न व कुकिंग कास्ट की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए एसएमएस से मानिट¨रग करेगा। इसके तहत सभी स्कूलों के प्रभारी शिक्षकों व संयोजिका को एसएमएस से भोजन खानेवाले छात्रों की संख्या बतानी होगी। 20 जून से होनेवाली बैठक में इसे लेकर भी आवश्यक निर्देश दिया जाएगा। विभाग की कोशिश 1 जुलाई से सभी स्कूलों में इसे लागू कराने की है।

--------------

नहीं हटाई जाएंगी महिला कुक

शहरी क्षेत्रों में सेंट्रलाइज्ड किचेन में मिड डे मील बनाए जाने के बावजूद महिला कुक काम करती रहेंगी। इन्हें हटाया नहीं जाएगा। ये सिर्फ बच्चों के बीच भोजन वितरण का काम करेंगी। उल्लेखनीय है कि महिला कुक सेंट्रलाइज्ड किचेन की व्यवस्था का विरोध कर रही हैं।

--------------

बंद होंगे ग्राम शिक्षा समितियों के खाते

विभाग ने योजना के तहत ग्राम शिक्षा समितियों के बैंक खाते बंद करने तथा राशि विद्यालय प्रबंध समिति के खाते में जमा कराने का निर्णय लिया है। इन खातों का संचालन अब विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष व सरस्वती वाहिनी की संयोजिका द्वारा संयुक्त रूप से किया जाएगा।

Posted By: Inextlive
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.