महाराष्ट्र में भारी बारिश और बाढ़ की वजह से अब तक 209 लोगों की जान जा चुकी है। इसके साथ ही आठ लोग अभी भी लापता हैं। राज्य में 16 से अधिक एनडीआरएफ की टीमें को ठाणे कोल्हापुर रत्नागिरी सांगली सतारा और सिंधुदुर्ग में राहत व बचाव कार्य में जुटी हैं।


मुंबई (एएनआई)। महाराष्ट्र में इन दिनों भारी बारिश और बाढ़ ने कहर बरपा रखा है। राज्य आपदा प्रबंधन इकाई ने बुधवार को यह जानकारी दी है कि यहां अब तक मरने वालों की संख्या 209 हो गई है और राज्य में भारी बारिश और बाढ़ के कारण आठ लोग अभी भी लापता हैं। प्रबंधन इकाई की जानकारी के अनुसार चिपलून में भारी बाढ़ के कारण 43 सड़कें जलमग्न हो गयी हैं और वशिष्ठी नदी पर एक पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। हालांकि बाढ़ प्रभावित इलाकों से 4,34,185 लोगों को निकाला गया है।एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया गया है


प्रशासन ने कहा कि 16 से अधिक राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की टीमों को ठाणे, कोल्हापुर, रत्नागिरी, सांगली, सतारा और सिंधुदुर्ग में तैनात किया गया है। राज्य प्रबंधन इकाई ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में बचाव कार्यों के लिए सांघली और कोल्हापुर में 308 राहत शिविर हैं। वायु सेना और भारतीय सेना को कोल्हापुर और रत्नागिरी राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल में तैनात किया गया है।इंडियन एयर फोर्स ने बाढ़ राहत अभियान चलाया

इससे पहले, 23 जुलाई को इंडियन एयर फोर्स ने महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिलों में बाढ़ राहत अभियान चलाया था। इंडियन एयर फोर्स ने बाढ़ राहत कार्यों के लिए दो Mi-17V5s और दो Mi-17s को तैनात किया है। 22 जुलाई को मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने राज्य के रत्नागिरी और रायगढ़ जिलों में मूसलाधार बारिश के कारण हुई बाढ़ की स्थिति का जायजा लेने के लिए एक आपात बैठक की थी।

Posted By: Shweta Mishra