वीडियो रोकेगा घूसखोरी

2014-01-29T12:22:13Z

DEHRADUN सरकारी कार्य के एवज में रुपए की मांग करने वाले सावधान हो जाएं रुपए मांगने वाले सरकारी कर्मी की क्लिपिंग अगर विजिलेंस के पास पहुंच जाती है तो विभाग उसके खिलाफ जरूर एक्शन लेगा इतना ही नहीं घूस की मांग करने की शिकायत एसएमएस के माध्यम से भी की जा सकती है क्लिपिंग को सीधे विजिलेंस मुख्यालय मे बैठे अधिकारी या फिर विभाग के ऑफिशियल मेल और वेबसाइट पर भी भेजा जा सकता है विजिलेंस से शिकायत दर्ज कराने वाले व्यक्ति का नाम व पता पूरी तरह गोपनीय रखा जाएगा

काम के एवज में रुपए की मांग कुछ नया नहीं है. राज्य बनने के बाद विजिलेंस विभाग द्वारा कई घूसखोरों को जेल के पीछे भेजा गया. इसमें तमाम ऐसे भी थे, जिनकी पोस्ट काफी ऊंची थी. बावजूद इसके डिपार्टमेंट ने उन पर एक्शन लेने से गुरेज नहीं किया. अब बदलते समय के साथ विभाग भी हाईटेक हो चुका है. लिखित कंप्लेन तो विभाग के पास आती ही है, लेकिन अब महकमा मोबाइल फोन या फिर अन्य साधन के जरिए तैयार की गई रिश्वत मांगने की क्लिपिंग को भी शिकायत के तौर पर एक्सेप्ट करेगा.
क्लीपिंग पर होगा एक्शन
एसपी विजिलेंस मुख्यालय वीपी सिंह के मुताबिक अगर किसी से उत्तराखंड राज्य सरकार का कोई राज्यकर्मी सरकारी कार्य कराने के एवज में रिश्वत की मांग करता है, तो वह उसकी क्लिपिंग तैयार कर ले. अगर किसी व्यक्ति के पास रिश्वत मांगने की वीडियो क्लिपिंग मौजूद है, तो वह बिना किसी भय के विजिलेंस को सौंप सकता है. घूस की मांग करने वाले के खिलाफ उसी क्लिपिंग को कंप्लेन मानकर एक्शन लिया जाएगा. शिकायत करने वाले शख्स को किसी से डरने की जरा भी जरूरत नहीं है. उसकी पहचान और पता पूरी तरह गोपनीय रखा जाएगा.
परेशान लोग आएंगे सामने
विजिलेंस विभाग द्वारा की गई इस पहल का असर भी हुआ है. कुछ लोग खुद महकमे के अधिकारियों से मिले और उनसे इस बाबत जानकारी प्राप्त की. दून सेक्टर के एसपी रोशन लाल शर्मा कहते हैैं कि सरकारी विभाग के कर्मियों द्वारा रिश्वत की मांग से कई लोग परेशान हैैं, लेकिन उनके पास कोई ठोस सबूत नहीं होता. अब वीडियो क्लिपिंग के जरिए ऐसे चेहरे आसानी से बेनकाब किए जा सकते हैैं, जो सरकारी पद पर बैठकर रिश्वत की मांग करते हैैं. मोबाइल फोन के जरिए वीडियो फुटेज बनाना मुश्किल भी नहीं है. इसके साथ ही मार्केट में तमाम ऐसे संसाधन मौजूद हैं, जिसके माध्यम से रिश्वत की मांग करने वाले कैमरे मे कैद किए जा सकते हैं.
होर्डिंग लगाने का प्लान
रिश्वत की मांग करने वालों के खिलाफ विजिलेंस डिपार्टमेंट
हर स्तर पर मोर्चा खोलने की तैयारी कर रहा है. दून सेक्टर के एसपी आरएल शर्मा के मुताबिक सभी सरकारी विभागों के कैंपस में एक होर्डिंग लगाए जाने के आइडिया पर वर्क किया जा रहा है, जिस पर रिश्वत मांगने वाले ऑफिसर्स व कर्मियों के खिलाफ क्या-क्या एक्शन लिया जा सकता है आदि की पूरी जानकारी होगी. यहां भी वीडियो क्लिपिंग व अन्य संसाधन के जरिए शिकायत करने की जानकारी उपलब्ध हो. डीजी विजिलेंस एसके भगत के निर्देश पर चलाए जा रहे एंटी करप्शन ड्राइव में उस हर बात का ख्याल रखा जा रहा है, जिसके माध्यम से घूसखोरी पर रोक लग सके.
यहां कर सकते हैं कंप्लेन
एसपी विजिलेंस मुख्यालय          -9456591883
डिप्टी एसपी विजिलेंस मुख्यालय   -01352721371
एसपी विजिलेंस दून सेक्टर         -9456591894
एसपी विजिलेंस हल्द्वानी सेक्टर    -9456592297
मेल पर भी कर सकते हैं कंप्लेन
vihq-uk@niv,in

vigsectddn-uk@nic.in

वीडियो क्लिपिंग के जरिए घूस की मांग से पीडि़त व्यक्ति अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है. इसे महकमा सबूत की तौर पर भी यूज करेगा. विजिलेंस को विभिन्न नंबर्स के अलावा ई-मेल के जरिए भी शिकायत भेजी जा सकती है. हर शिकायत महकमे के लिए महत्वपूर्ण है इसलिए शिकायतकर्ता का नाम व पता पूरी तरह गोपनीय रखा जाएगा.
-वीपी सिंह , एसपी विजिलेंस मुख्यालय
सभी सरकारी ऑफिस के कैंपस में ऐसे होर्डिंग लगाने पर विचार किया जा रहा है, जिस पर रिश्वत मांगने वाले के खिलाफ एक्शन लिए जाने का मैसेज होगा. इससे लोगों में घूस ना देने की भावना तो आएगी ही साथ में सरकारी कर्मी भी रिश्वत मांगने से डरेंगे.
-रोशन लाल शर्मा, एसपी विजिलेंस दून सेक्टर


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.