स्टूडेंट्स को दे रहे राइटिंग स्किल की ट्रेनिंग

2020-01-22T05:46:16Z

20 मा‌र्क्स मल्टीपल क्वेश्चन के लिए रहेंगे तय

सीबीएसई बता रहा बच्चों को आंसर लिखने का तरीका

Meerut। एग्जाम में अधिक से अधिक मा‌र्क्स हासिल करने के लिए सीबीएसई ने बोर्ड पैटर्न में बदलाव किया है। बार मार्किंग सिस्टम के तहत 20 मा‌र्क्स मल्टीपल क्वेश्चन के लिए रिजर्व हैं। यही नहीं, इस बार सीबीएसई अपने स्टूडेंट्स को आंसर लिखने के सही तरीके भी सिखा रहा है। बोर्ड का कहना है कि स्टेप टू-स्टेप राइटिंग स्किल्स की ट्रेनिंग देंगे। बोर्ड की इस पहल से स्टूडेंट्स को बेहतर मा‌र्क्स स्कोर करने में मदद मिलेगी

छात्रों को मिलेगा फायदा

बोर्ड की इस पहल से स्टूडेंट्स थ्योरी पार्ट में बेहतर परफार्म कर पाएंगे।

कमजोर स्टूडेंट्स इस पैटर्न से अच्छे मा‌र्क्स ले सकते हैं।

स्टूडेंट्स को इंप्रेसिव और स्किल्ड आंसर अलग-अलग टॉपिक के हिसाब से लिखने होंगे।

किस तरह राइटिंग करनी हैं। कब, कहां डायग्राम, फ्लोचार्ट, फिगर्स का यूज करना है। ये बताया जाएगा

आंसर को पैराग्राफ और बुलेट्स में लिखने के क्या टिप्स हैं।

इन पैरामीटर्स पर स्टूडेंट्स को आंसर लिखने होंगे।

थ्योरी राइटिंग में क्रिएटिव आंसर बहुत हेल्पफुल होते हैं। स्टूडेंट्स के लिए ये बहुत अच्छी पहल है। कमजोर स्टूडेंट्स के लिए ये बेहतर मौका है।

चंद्रलेखा जैन, प्रिंसिपल, सेंट जोंन सीनियर सेकेंडरी स्कूल

कॉम्पीटिशन बढ़ गया है। स्टूडेंट्स के सामने चैलेंज बहुत ज्यादा है। आंसर्स में क्रिएटिव राइटिंग जरूरी है। स्टेप-टू स्टेप अगर आंसर होगा तो टीचर्स भी मार्किंग सही कर पाएंगे।

अजीत कुमार, चेयरमैन, वेद इंटरनेशनल स्कूल

थ्योरी में स्टूडेंट्स बेहतर स्कोर कर पाएं इसके लिए बोर्ड ने ये पहल की है। थ्योरी सेक्शन में आंसर राइटिंग में क्रिएटिविटी होगी तो स्टूडेंटृस को काफी सहूलियत मिलेगी।

अमित कुमार, डायरेक्टर, नोबेल पब्लिक स्कूल


Posted By: Inextlive

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.