यूपी एटीएस ने भुज से गिरफ्तार किए दो पाकिस्तानी जासूस

2019-06-28T10:04:21Z

यूपी एटीएस ने गुजरात के भुज से दो पाकिस्तानी जासूस को पकड़ लिया है। उन्हें ये कामयाबी गुजरात एटीएस के साथ ज्वाइंट ऑपरेशन में मिली। पता चला है कि गिरफ्त में आये दोनों व्यक्ति गुजरात बॉर्डर पर सेना की मूवमेंट की जानकारी आईएसआई तक पहुंचाते थे। यूपी एटीएस लंबे समय से इन पर नजर रख रही थी इन्हे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है।

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LUCKNOW : यूपी एटीएस व गुजरात एटीएस ने गुरुवार को ज्वाइंट ऑपरेशन करते हुए भुज से पाकिस्तान के लिये जासूसी करने वाले दो सगे भाईयों को धर दबोचा। बताया जा रहा है कि दोनों संदिग्ध पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को इंडियन आर्मी की मूवमेंट की जानकारी मुहैया कराते थे। फिलहाल एटीएस ने दोनों भाईयों के नाम व उनका असल पता नहीं बताया है। दोनों संदिग्धों से गुजरात के किसी अज्ञात स्थान पर तमाम एजेंसियां पूछताछ कर रही हैं।

मोबाइल डाटा किया डिलीट
एटीएस सूत्रों ने बताया कि गिरफ्त में आए दोनों संदिग्ध यूपी के हैं। इनकी संदिग्ध हरकतों की वजह से यूपी एटीएस ने इन्हें लंबे वक्त से राडार पर ले रखा था। बीते दिनों दोनों भाई यूपी से लापता हो गए थे और इन्होंने अपने मोबाइल भी स्विच ऑफ कर लिये। पर, कुछ दिन पहले इनकी मौजूदगी गुजरात के सीमावती जिले भुज में मिली। जिसके बाद एटीएस के कान खड़े हो गए। आनन-फानन एटीएस की एक टीम को भुज रवाना किया गया। जहां गुजरात एटीएस के साथ इन दोनों भाईयों पर कड़ी नजर रखी जाने लगी और गुरुवार को उन्हें दबोच लिया गया। सूत्रों ने बताया कि दोनों भाईयों के मोबाइल से इंडियन आर्मी से संबंधित तमाम डाटा मिला है जबकि, भारी मात्रा में डाटा डिलीट कर दिया गया, जिसे रिकवर कराने की कोशिश की जा रही है।
सोशल मीडिया के जरिए थे संपर्क में
एटीएस सूत्रों ने बताया कि भुज में दबोचे गए दोनों संदिग्ध जासूसों से अब तक की पूछताछ में पता चला है कि वे पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के हैंडलर से सोशल मीडिया के जरिए संपर्क में थे। बताया गया कि वे बॉर्डर पर इंडियन आर्मी की मूवमेंट की जानकारी भेजने के लिये वॉट्सएप व ईमेल का इस्तेमाल करते थे। मैसेज डिलीवर होने के बाद वे उसे डिलीट कर देते थे। जिस वजह से एजेंसियों को दिक्कत पेश आ रही है। बताया जा रहा है कि दोनों के बैंक अकाउंट भी खंगाले जा रहे हैं। दोनों संदिग्धों से पूछताछ में इनके लोकल नेटवर्क और मददगारों की भी पहचान की कोशिश की जा रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि यूपी व गुजरात एटीएस इन संदिग्धों से पूछताछ के आधार पर कई और अरेस्टिंग कर सकती है।



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