केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड का मेन फोकस अब कम्पीटेंसी बेस्ड लर्निंग पर अधिक है. इसी क्रम में सीबीएसई ने 2022-23 के बोर्ड एग्जाम के मूल्यांकन के लिए क्राइटएरिया तय कर दिया है. अगले साल से कम्पीटेंसी बेस्ड क्वेश्चन की संख्या 10 परसेंट बढ़ाई जाएगी. बोर्ड ने सर्कुलर जारी कर इस बात की जानकारी दी है. जिसके अनुसार 21वीं सदी की प्रॉब्लम्स को सुलझाने और वास्तविक जीवन में उनको अप्लाई करने के लिए ऐसे क्वेश्चन की संख्या बढ़ाई जा रही है. गोरखपुर स्कूल टीचर्स की मानें तो स्टूडेंट्स को रटना छोडऩा होगा अब उन्हें समझकर पढ़ाई करनी होगी. तभी वे ऐसे सवालों के आंसर दे पाएंगे.


गोरखपुर (ब्यूरो).अभी तक कंपीटेंसी आधारित सवाल केवल दीर्घ उत्तरीय ही पूछे जाते थे। अब मल्टीपल च्वाइस, केस स्टडी, लघु उत्तरीय प्रश्न में भी क्षमता आधारित प्रश्न को शामिल किया गया है। कोरोना संक्रमण के कारण दसवीं और 12वीं बोर्ड एग्जाम दो पार्ट में टर्म-1 और टर्म-2 के आधार पर लिया गया, लेकिन साल 2023 में फिर एक ही बार बोर्ड एग्जाम ऑर्गनाइज होगा। इसके लिए बोर्ड ने नौंवी-दसवीं और 11वीं-12वीं का क्वेश्चन पेपर पैटर्न जारी किया है।मल्टीपल च्वाइस वाले भी होंगे प्रश्नबोर्ड द्वारा मल्टीपल च्वाइस वाले क्वेश्चन को रखा गया है। टर्म-1 एग्जाम में मल्टीपल च्वाइस के सवाल पूछे गये थे, जो विषयवार सिलेबस का 50 फीसदी था। अब 20 फीसदी ऑब्जेक्टिव क्वेश्चन में ही मल्टीपल च्वाइस के रहेंगे।नौवीं और 11वीं की वार्षिक परीक्षा इसी पैटर्न पर


बोर्ड ने स्कूलों को नौवीं और 11वीं के एनुअल एग्जाम भी भी इसी पैटर्न पर लेने का निर्देश दिया है। इससे स्टूडेंट्स अपना आकलन कर पाएंगे। बोर्ड द्वारा आंतरिक मूल्यांकन में किसी तरह का बदलाव नहीं किया गया है। आंतरिक मूल्यांकन पहले जैसे ही 20 फीसदी रखा गया है।वास्तविक जीवन से जुड़ी बातों की देंगे जानकारी

किताबी दुनिया से बच्चे अलग सोचें, इसके लिए कंपीटेंसी आधारित सवालों की संख्या बढ़ाई गई है। इसके तहत वास्तविक जीवन से जुड़े सवाल बोर्ड एग्जाम में पूछे जाएंगे। इससे स्टूडेंट्स को वास्तविक जीवन और दिनचर्या की जानकारी होगी। अभी तक किताबी दुनिया से जुड़े सवाल ही पूछे जाते थे।ऐसा रहेगा प्रश्न पत्र पैटर्न9वीं और 10वींकुल अंक - 100कंपीटेंसी क्वेश्चन - 40 फीसदीऑब्जेक्टिव क्वेश्चन - 20 फीसदीलघु और दीर्घ उत्तरीय प्रश्न - 40 फीसदी11वीं और 12वींकुल अंक - 100कंपीटेंसी क्वेश्चन - 30 फीसदीऑब्जेक्टिव क्वेश्चन - 20 फीसदीलघु और दीर्घ उत्तरीय प्रश्न - 50 फीसदीबोर्ड ने बहुत ही अच्छा डिसिजन लिया है। कम्पीटेंसी बेस्ड सवालों का आंसर देने के लिए स्टूडेंट्स को किताब को रटना नहीं बल्कि समझना जरूरी है। तभी वो ऐसे सवालों के आंसर दे पाएंगे।- संजीव कुमार, चेयरमैन, एकेडेमिक ग्लोबल स्कूल

सीआईएससीई ने दसवीं और 12वीं का संशोधित सिलेबस जारी किया है। इसके साथ ही बोर्ड ने दसवीं और 12वीं का एक बोर्ड लेने की घोषणा भी की है। कोरोना संक्रमण के कारण सीआईएससीई ने 2022 का बोर्ड एग्जाम दो पार्ट सेमेस्टर-1 और सेमेस्टर-2 लिया था। इसके अलावा नौवीं से 12वीं तक के सिलेबस में भी कटौती की थी। अब फिर बोर्ड ने संशोधित सिलेबस जारी कर दिया है। कोआर्डिनेटर सुदर्शन चौधरी ने बताया कि अब साल 2023 में दसवीं और 12वीं का एक ही बोर्ड एग्जाम होगा। एग्जाम फरवरी और मार्च 2023 में होगा। बोर्ड द्वारा जुलाई 2022 में सभी विषयों का सैंपल पेपर जारी किया जाएगा।इस सत्र के लिए प्रश्न का पैटर्न जारी किया गया है। प्रश्न किस तरह का रहेगा, इसकी जानकारी दी गयी है। सैंपल पेपर जल्द जारी किया जाएगा। क्षमता आधारित प्रश्न अधिक पूछे जाएंगे।- जोसफ इमैनुअल, शैक्षणिक निदेशक, सीबीएसई

Posted By: Inextlive