- बुनियादी सुविधाओं के लिए भी जूझ रहे स्थानीय लोग

- गंदगी, पानी, बिजली की समस्या से जूझ रहे लोग

- नाले खुले हुए, गंदगी की भरमार, पब्लिक परेशान

वार्ड 25

मेरठ। शहर में बुनियादी सुविधाएं मुकम्मल कराने के कई दावे किए जाते हैं। बावजूद इसके कई इलाके बदहाल स्थिति में है। वार्ड-25 में मवाना रोड से निकलने वाला 14 फीट नाला नासूर बन गया है। गंदगी से पटा नाला दुर्घटना के साथ-साथ संक्रामक बीमारियों को भी दावत दे रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि शिकायत के बावजूद भी शासन - प्रशासन के कानों में जूं तक नहीं रेंग रही है। हालत यह है कि बेसिक सुविधाएं भी स्थानीय लोगों को मुहैया नहीं हो पा रही हैं। खंबों पर लाइट नहीं हैं। पाकरें की स्थिति का भी हाल बहुत अच्छा नहीं हैं। पार्को को सौंदर्यीकरण की दरकार है। गलियों में आवारा पशुओं से कई बार दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं। इस बाबत पार्षद का कहना है कि वे परेशानियों को दूर करने के लिए हर संभव प्रयास करते हैं। सफाई भी खुद खड़े होकर करवा रहे हैं।

----------

हक और हकीकत

नाले-

वार्ड 25 में कई गहरे-गहरे नाले हैं। हैरानी वाली बात यह है कि इन्हें देखकर लगता है कि शायद ही इनकी कभी सफाई हुई हो। वार्ड की मुख्य सड़कों से गुजरने वाले इन नालों की वजह से यहां कभी भी हादसा हो सकता है।

-------------

्रनालियां

वार्ड 25 की नालियां गंदगी और कूड़े से अटी हैं। लंबे समय से इनकी भी सफाई नहीं हुई है। नाली गंदी होने से लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है.सबसे ज्यादा दिक्कत यहां बरसात में होती है।

---------

कूड़ा

वार्ड 25 में जगह-जगह गंदगी का ढेर है। यहां डंपिंग जोन नहीं है। इलाका वासियों को सड़क पर ही कूड़ा डालना पड़ता है। वार्ड में लगे डस्टबिन भी भरे रहते हैं। यहां से कई-कई दिन बीत जाने के बाद भी डस्टबिन से कूड़ा निकाला नहीं जाता है। गंदगी की वजह से यहां मच्छरों की तादाद भी बहुत है।

------------

हैंडपंप

वार्ड 25 में लगभग सभी सरकारी हैंडपंप खराब पड़े हुए हैं। यहां के निवासियों का कहना है कि कई बार पार्षद और निगम को लिख कर देने के बाद भी हैंडपंप को दुरूस्त नहीं किया जा रहा है। पेयजल की समस्या भी कम नहीं है।

------------

स्ट्रीट लाइट

वार्ड 25 में सड़कों पर स्ट्रीट लाइट नहीं हैं। शाम होते ही इलाका अंधेरे में डूब जाता है। कभी भी हादसा होने का डर बना रहता हैं। जहां स्ट्रीट लाइट लगी हुई हैं वहां दिन में भी जलती रहती हैं। निगम को कई बार समस्या बताने के बाद भी इस पर कोई एक्शन नहीं लिया गया है।

--------------

जवाब दो पार्षद जी

सवाल: वार्ड के विकास के लिए अब तक आपने क्या किया।

जवाब: यहां विकास कार्य के लिए अब तक हमने तकरीबन 14 करोड़ का विकास कार्य करवा दिया है। हर इलाके में विकास कार्य करवाएं हैं। पार्को का सौंदर्यीकरण करवाया गया है। सड़कें बनवाई गई हैं , खंबे लगवाएं, नालों की लगातार सफाई करवाई जाती है। यहां के निवासियों की हर समस्या का समाधान हो यह हर संभव कोशिश रहती है।

सवाल- गंदगी बहुत है। नाले और नालियों की सफाई नहीं होती।

जवाब: नालों के लिए मैं कई बार अधिकारियों से बात कर चुका हूं। प्रशासन को कई बार लेटर लिखकर दे चुका हूं। नालों में सफाई न होने के कारण नाले बैक हो रहे हैं। अफसर सुनते ही नहीं। हमने उन्हें प्रपोजल भी दिए हैं लेकिन उनकी तरफ से कोई पॉजिटिव रिस्पांस नहीं मिल पा रहा।

सवाल। सरकारी हैंडपंप खराब है।

जवाब- सरकारी हैंडपंप खराब है। हमसे 3 हैंडपंप सही करवाने का प्रपोजल मांगा जाता है। समस्या यह आती है कि किसे ठीक करवाएं , किसे नहीं। रिबोरिंग होनी होती है लेकिन हो नहीं पाती।

सवाल: बिजली के खंबों पर लाइट नहीं है।

जवाब: लाइट तो लगभग हर खंबे पर है, लेकिन थोड़ी समस्या तारों के हिलने की है। हमने इस बारे में भी संबंधित विभाग को प्रपोजल भेजा है।

सवाल: कूड़ा डालने की समस्या है।

जवाब। कूड़ा डालने की समस्या तो हैं। सफाई कर्मचारी पूरे नहीं हैं। जो हैं वह भी काम नहीं करते। हमने इसके लिए भी कई बार नगर निगम को लिखकर दिया है लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो रहा है।

----------

पब्लिक डिमांड

- वार्ड का सौंदर्यीकरण होना चाहिए।

-आवारा पशुओं से निजात मिले।

- नालों की समय-समय पर सफाई होनी चाहिए

- बिजली खंबों पर लाइट की व्यवस्था हो।

- सड़कों पर सोलर लाइट लगनी चाहिए।

-नंगे तारों से निजात मिलनी चाहिए।

-----------

-----------

जनसंख्या

25 हजार

वोटर- 18000

मोहल्ले- गंगानगर फेज- 1, फेज-2

फेज- 3, यशोदा कुंज, अमहेडा रोड़

यशोदा कुंज, राधा गार्डन, पीएनटी कॉलोनी, बक्सर, मवाना रोड़

पार्षद- दिनेश पाल

एजुकेशन- हाईस्कूल

-------------------

पब्लिक कोट्स

सड़क पर ही कूड़ा का अंबार लगा रहता है। नियमित रूप से यहां गंदगी फैली रहती है। आते-जाते गंदगी के ढे़र से दुर्गध आती हैं। बड़े- बड़े नाले हैं जो गंदगी से अटे हैं कई बार अंधेरे में दिखाई नहीं देते, इनसे कभी भी दुर्घटना हो सकती है।

ब्रजेश

----------

-खंबों पर लाइट नहीं हैं। रात में आने-जाने की दिक्कत होती है। डिवाइडर के आस-पास बिल्कुल अंधेरा हो जाता है। सन्नाटा होता है ऐसे में कभी भी कोई हादसा हो सकता है। यहां पर सोलर लाइट्स भी नहीं लगी हैं।

पंकज कुमार

-----------

पानी की बहुत समस्या है। यहां हैंडपंप भी खराब पड़े रहते हैं। कई बार टंकी का पानी भी गंदा आता है, बदबू भी आती है। पानी का प्रेशर भी समस्या है, थोड़ा पानी के टाइम भी बढ़ जाएं तो हमारी पानी की समस्या हल हो जाएं।

रनवीर सिंह

----------

वार्ड में इतनी नालियां है लेकिन एक भी नाली की सफाई नहीं होती। गहरी-गहरी नालियां हैं, बड़े-बड़े नालों में गंदगी भरी रहती है। बरसात में पानी घरों तक आने लगता है। एक महीने में इनकी सफाई होनी ही चाहिए।

तनिष्क

Posted By: Inextlive