क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : एक तो कम पगार और ऊपर से रेगुलर पेमेंट नहीं. रिम्स की सिक्योरिटी में तैनात लगभग साढ़े तीन सौ गा‌र्ड्स के सामने इन दिनों भूखमरी की स्थिति पैदा हो गई है. पिछले तीन महीने से इन्हें सैलरी नहीं मिली है, जबकि चौथे महीने के भी 15 दिन गुजर चुके हैं. गा‌र्ड्स के पेमेंट को लेकर रिम्स मैनेजमेंट भी गंभीर नहीं है. ऐसे में उन्होंने अब हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी है.

उधार देने को भी कोई राजी नहीं

रिम्स के गा‌र्ड्स ने बताया कि अब परिवार का पेट पालना भी भारी पड़ रहा है. पेमेंट नहीं मिलने से खाने-पाने के साथ बच्चों की पढ़ाई पर भी आफत आ गई है. घर चलाने के लिए पहले से ही कर्ज ले चुके हैं. अब तो कोई उधारी देने को भी तैयार नहीं है. ऐसे में क्या करें, समझ में नहीं आ रहा है. कब बकाए का पेमेंट होगा, इस बाबत भी किसी तरह की कोई जानकारी नहीं दी जा रही है.

आखिर किसके पास लगाएं गुहार

गा‌र्ड्स ने कहा कि जब जब डॉक्टर्स व स्टाफ्स की सैलरी तीन महीने तक नहीं आई तो रिम्स के अफसर ट्रेजरी का चक्कर पर चक्कर लगा रहे थे, ताकि जल्द से जल्द सैलरी रिलीज हो सके. लेकिन, गा‌र्ड्स को जब तीन महीने से पेमेंट नहीं मिला है तो रिम्स मैनेजमेंट आंखें मूंदे हुई है. आखिर अब अपनी बात कहां रखें, समझ में नहीं आता है. दरअसल रिम्स में सैलरी पेमेंट की समस्या कोई नई नहीं है. अक्सर यहां गा‌र्ड्स को पेमेंट में विलंब किया जाता है.