बुलंदशहर में इंस्पेक्टर की मौत के बाद उठाया गया कदम

सुरक्षा कवच के साथ ही मौके पर जाएगी पुलिस टीम

Meerut. अब सुरक्षा कवच के बिना कोई भी पुलिस अधिकारी गश्त नहीं करेगा. साथ ही अगर किसी घटना की सूचना पर भी पुलिस टीम कहीं जाएगी तो वह सुरक्षा कवच से लैस होकर ही जाएगी. एसएसपी अखिलेश कुमार ने बताया कि बुलंदशहर में हुई घटना को देखते हुए यह कदम उठाया गया है. कई बार देखा गया है कि जल्दबाजी में पुलिस बिना सुरक्षा कवच के घटनास्थल पर पहुंच जाती है. इसके बाद हंगामा या उपद्रव होने पर पुलिसकर्मी ही पहला शिकार बनते हैं.

इंस्पेक्टर हो चुका है शहीद

गौरतलब है कि बुलंदशहर में हुए बवाल में जल्दबाजी में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह मौके पर गए थे. जिससे भीड़ में चली गोली से वह शहीद हो गए थे. बताते हैं कि उन्होंने सुरक्षा कवच नहीं पहना था. इसके तहत एसएसपी ने आदेश जारी किए हैं.

ये है नियम

हर इंस्पेक्टर, दरोगा, सिपाही को पथराव और गोलीबारी से बचाव के लिए बॉडी कवच मिलता है. सीओ, इंस्पेक्टर, एसओ समेत सभी पुलिस अधिकारियों व पुलिसकर्मियों को घटनास्थल पर जाने से पहले सुरक्षा कवच को पहनकर जाना अनिवार्य है. जिससे घटनास्थल पर किसी भी स्थिति में पुलिसकर्मी सुरक्षित रहें.

सुरक्षा कवच के पार्ट

पथराव से बचने के लिए हेलमेट व बॉडी प्रोटेक्टर

गोलीबारी से बचने के लिए आधुनिक हेलमेट

लाठी व डंडों के प्रहार से बचने के लिए केन शिल्ड.

बड़े मिशन के लिए बुलेट प्रुफ जैकेट.

दंगा व सांप्रदायिक सूचना पर तमाम सुविधाओं से लैस दंगा नियंत्रण वाहन.

भीड़ को काबू करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने वाले यंत्र.

सभी पुलिस अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं कि वह गश्त व घटनास्थल पर पहुंचने से पहले सुरक्षा कवच पहनकर ही जाएं.

अखिलेश कुमार, एसएसपी, मेरठ