RANCHI: अक्सर ब्लड डोनेट करने के बाद भी खून लेने के लिए चार-चार घंटे इंतजार करने वाले लोगों के लिए गुड न्यूज है. रिम्स ब्लड बैंक उन्हें एक घंटे के अंदर ही खून उपलब्ध करा देगा. इससे मरीज को भी जल्द खून मिल सकेगा और उसकी जान बचाई जा सकेगी. इसके लिए रिम्स मैनेजमेंट ब्लड बैंक को अपग्रेड कर रहा है, जहां ब्लड डोनेट करने के साथ ही उसे मैच करने के लिए भी भेज दिया जाएगा. इसके अलावा ब्लड इश्यू करने के लिए काउंटर भी बढ़ाए जा रहे हैं, ताकि लोगों को आसानी से ब्लड उपलब्ध कराया जा सके. बताते चलें कि अभी लोगों को ब्लड के लिए काफी देर तक इंतजार करना पड़ता है. वहीं, डोनर्स को भी ब्लड डोनेट करने से पहले काफी सोचना पड़ता है.

..जानिए, क्या हो रहे बदलाव

खत्म होगा लंबा इंतजार

डायरेक्टर डॉ. बीएल शेरवाल ने बताया कि लोगों की परेशानी को देखते हुए ब्लड बैंक को अपग्रेड करने के साथ ही स्टाफ्स की भी संख्या बढ़ाई जाएगी. ऐसे में चार घंटे तक ब्लड के लिए इंतजार नहीं करना होगा. अब इस समय एक घंटे करने के लिए प्रबंधन ने काम करना शुरू कर दिया है. इसके बाद ब्लड डोनेट करने या सैंपल देने के एक घंटे के अंदर ही संबंधित व्यक्ति को खून मिल जाएगा.

ब्लड इश्यू काउंटर बढ़ेंगे

ब्लड बैंक में अभी ब्लड इश्यू करने के लिए एक काउंटर खुला हुआ है. ऐसे में वहां पर हमेशा भीड़ लगी रहती है. लेकिन प्रबंधन ने काउंटरों की संख्या एक से बढ़ाकर दो करने की योजना बनाई है. इसके बाद ब्लड लेने में लोगों को परेशानी नहीं होगी और उनका टाइम भी बचेगा.

बढ़ेगी खून की उपलब्धता

रिम्स का ब्लड बैंक राज्य का मॉडल ब्लड बैंक है, जहां एक हजार यूनिट ब्लड रखने की कैपासिटी है. ऐसे में प्रबंधन ब्लड डोनेशन को बढ़ाने के लिए भी काम कर रहा है. इसके लिए लोगों को जागरूक किया जाएगा, तभी बैंक में खून की उपलब्धता बढ़ेगी. रेगुलर कैंप लगाए जाएंगे और हर किसी को ब्लड डोनेट कर लाइफ बचाने की अपील की जाएगी. एक यूनिट ब्लड से तीन लोगों को जीवन दिया जा सकता है.

..........

वर्जन

ब्लड बैंक की समस्याओं को दूर करने के लिए मैन पावर बढ़ाने पर जोर है. ताकि लोगों को समय पर ब्लड मिल सके. कई बार ऐसा भी होता है कि पेशेंट का आपरेशन होने वाला होता है और ब्लड मैच कराने में ही समय बीत जाता है. इससे आपरेशन में भी देरी होती है और परेशानी होती है सो अलग. इसलिए काउंटर बढ़ाने का भी निर्देश दे दिया गया है. इससे लोगों को कम समय में ही खून भी मिल जाएगा.

-डॉ. बीएल शेरवाल, डायरेक्टर, रिम्स