क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : प्लास्टिक सर्जरी का नाम सुनते ही लोगों के दिमाग में एक ही बात आती है कि इसमें काफी खर्च आता है. लेकिन रिम्स में इसके लिए भारी भरकम बिल अदा नहीं करना पड़ेगा. जी हां. यहां भी प्लास्टिक सर्जरी शुरू होगी. इससे लोगों को प्लास्टिक सर्जरी के लिए प्राइवेट हॉस्पिटलों की दौड़ नहीं लगानी होगी. डायरेक्टर डॉ.डीके सिंह ने बताया कि देशभर के कई प्लास्टिक सर्जन को रिम्स आने का न्योता दिया गया है. ये बातें उन्होंने व‌र्ल्ड प्लास्टिक सर्जरी डे पर कहीं. इस मौके पर बीएचयू के प्लास्टिक सर्जन डॉ.वी भट्टाचार्या, डॉ.आरजी बाखला, डॉ.अनंत सिन्हा, डॉ.सीपी सिन्हा, डॉ.अजय, जेडीए के डॉ.अजीत समेत रिम्स के डॉक्टर्स व पीजी स्टूडेंट्स मौजूद थे.

रिसर्च के लिए सुविधा उपलब्ध

बीएचयू से आए डॉ.वी भट्टाचार्या ने कहा कि रिम्स में रिसर्च के लिए सारी सुविधाएं मौजूद हैं. इसलिए यहां रिसर्च के लिए काफी संभावनाएं हैं. ऐसे में रिम्स एडमिनिस्ट्रेशन और एकेडमिक मिलकर काम करें तो रिजल्ट सामने होगा. इस दौरान उन्होंने प्लास्टिक सर्जरी में माइक्रोसर्कुलेशन के इंपार्टेस पर भी पे्रजेंटेशन दिया. साथ ही कहा कि कोई भी काम हो कोशिश करेंगे तो आगे जरूर बढ़ेंगे.

डॉक्टरों को बताई नई तकनीक

देवकमल हॉस्पिटल के डॉ.अनंत सिन्हा ने प्लास्टिक सर्जरी की बारिकियों से सभी को अवगत कराया. उन्होंने बताया कि कैसे बर्न, कट और डैमेज बॉडी पा‌र्ट्स को प्लास्टिक सर्जरी की मदद से दुरुस्त किया जा सकता है. इसके अलावा उन्होंने बताया कि पहले ईएसआईसी हॉस्पिटल से केसेज फारवर्ड किए जाते थे. लेकिन आयुष्मान भारत योजना के लांच होने के बाद कोई भी मरीज उनके हॉस्पिटल में बेहिचक इलाज के लिए आ सकता है.