- राज्य सरकार ने फिर पलटा अपना फैसला, पहले किया था तहसील समाधान दिवस

- पहले और तीसरे मंगलवार को सुबह दस से दो बजे के बीच होगा आयोजित

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LUCKNOW:

राज्य सरकार ने अपना फैसला पलटते हुए तहसील समाधान दिवस को अब संपूर्ण समाधान दिवस के रूप में आयोजित करने का निर्णय लिया है. यह पूर्व की तरह हर माह के पहले और तीसरे मंगलवार को सुबह दस बजे से दोपहर दो बजे तक आयोजित किया जाएगा जिसमें आमजन से जुड़े विभागों के अधिकारी मौजूद रहकर समस्याओं का निराकरण कराएंगे. इसकी अध्यक्षता जिले के डीएम करेंगे जबकि पुलिस कप्तान व अन्य अधिकारी मौजूद रहेंगे. जिले की शेष तहसीलों में एसडीएम अध्यक्षता करेंगे जबकि इलाकाई सीओ को मौजूद रहना होगा. राज्य सरकार ने इसका विस्तृत दिशा-निर्देश जारी कर दिया है.

सांसद और विधायक रहेंगे मौजूद

संपूर्ण समाधान दिवस में स्थानीय सांसद और विधायक भी मौजूद रहेंगे और उनके बैठने के लिए एक प्रमुख स्थान की व्यवस्था की जाएगी. वहीं मंडलायुक्त द्वारा अपने मंडल की किसी एक तहसील का आकस्मिक निरीक्षण किया जाएगा. इसी तरह संयुक्त विकास आयुक्त और अपर आयुक्त को भी निरीक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गयी है. इस दौरान आवेदकों का मोबाइल नंबर भी दर्ज कराया जाएगा और शिकायत का पंजीकरण करने के बाद आवेदक को रसीद भी दी जाएगी. राजस्व विभाग से संबंधित शिकायतों को अधिकारियों की टीम मौके पर जाकर निस्तारित करेगी. अवैध कब्जा आदि की शिकायत पर अधिकारियों की टीम ट्रैक्टर और जेसीबी लेकर जाएगी और इस पर आने वाला खर्च कब्जेदार से वसूलेगी. प्रत्येक संपूर्ण समाधान दिवस पर ऐसी छह टीमें मौके पर जाकर कार्रवाई करेंगी. वहीं जिस जगह से ज्यादा शिकायतें सामने आएंगी वहां के अधिकारियों की जवाबदेही तय कर उन्हें दंडित किया जाएगा. इस दौरान एंटी भूमाफिया टास्क फोर्स की मदद से अवैध कब्जों को भी खाली कराया जाएगा. वहीं संपूर्ण समाधान दिवस पर यदि समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ डीएम और एसडीएम भी उत्तरदायी होंगे.