प्रयागराज ब्यूरो । मतदाता सूची की पारदर्शिता पर अक्सर सवाल खड़े होते हैं। लोगों द्वारा सूची तैयार करने में फर्जीवाड़ा किए जाने का आरोप लगाया जाता है। दावे और आपत्तियों की जांच करना भी आसान नहीं होता है। जान बूझकर आवेदन कर मतदाताओं का नाम कटवा दिया जाता है और फर्जी नामों को सूची में शामिल करा लिया जाता है। खुद निर्वाचन कार्यों से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों का कहना है कि अगर मतदाता सूची को आधार से लिंक करा दिया जाए तो कई परेशानियां अपने आप दूर हो जाएगी। पलक झपकते ही वोटर की असलियत का पता लगाया जा सकेगा।
मृतकों के नही कट पाते हैं नाम
अगले साल होने वाले लोकसभा चुनाव से पहले 27 अक्टूबर से 9 दिसंबर के बीच मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान डेढ़ लाख से अधिक दावे और आपत्तियां प्राप्त हुई हैं। लेकिन यह आवेदन कितने सही हैं, इसका पता लगाने का कोई टूल निर्वाचन कार्यालय के पास नही है। जांच के दौरान कई आवेदन फर्जी पाए जाते हैं। सबसे ज्यादा दिक्कत विस्थापितों और मतकों का नाम मतदाता सूची से हटाने में होती है। कई बार ऐसे लोगों का नाम भी आपत्ति कर कटवा दिया जाता है जो जीवित हैं और मृतकों के नाम की आपत्तियों को दिया ही नही जाता है।
लिंक कराने के फायदे
- मतदाता सूची में धांधली रुकेगी
- एक वोटर एक ही वोट डाल पाएगा
- मैनपावर का यूज कम होगा
- वोटर डुप्लीकेसी रुकने से फर्जी वोटिंग पर लगाम लगेगी
- वोटर के ओरिजिनल एड्रेस और उम्र का पता लग जाएगा
पहले था मेंडेटरी फिर ठंडे बस्ते में डाला
शुरुआत में वोटर कार्ड को आधार से लिंक कराना चुनाव आयोग ने मेंडेटरी किया था और इसकी टाइम लाइन भी फिक्स की थी लेकिन बाद में इसे ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। अब यह पूरी तरह से ऐच्छिक कर दिया गया है। प्रयागराज में देखा जाए तो 46 लाख वोटर्स में महज 6 से 7 फीसदी ने ही अपने आधार को वोटर कार्ड से लिंक कराया है। यही कारण है कि वर्तमान में वोटर्स इस प्रक्रिया को गंभीरता से नही ले रहे हैं।
ऐसे लिंक होता है वोटर और आधार
- निकटतम वोटर सेवा केंद्र जाएं या ऑनलाइन आवेदन करें
- आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन भरें
- आधार कार्ड और मतदाता सूची के विवरण जोड़ें


कब से कब तक चला अभियान- 27 अक्टूबर से 9 दिसंबर
सूची में नाम जोडऩे के लिए आए आवेदन- 118609
सूची से नाम हटवाने के लिए आई आपत्तियां- 41511
सूची में संशोधन के लिए दिए गए आवेदन- 11473
कुल आई दावे और आपत्तियां- 171593
जिले में कुल वोटर की संख्या- 4598940
पुरुष वोटर- 2502497
महिला- 2095799
अदर वोटर- 644

एक्सपर्ट कमेंट
पूर्व में एक बेहतरीन कदम उठाया गया था कि वोटर कार्ड को आधार से लिंक किया जाए। लेकिन बाद में इसे ऐच्छिक कर दिया गया। अगर शत प्रतिशत वोटर कार्ड और आधार लिंक हो जाए तो मतदाता सूची में काफी सुधार होगा। इससे हमारा मैन पावर और पैसा दोनों बचेगा। प्रत्येक वोटर की ओरिजिनल डिटेल होने से किसी प्रकार का फर्जीवाड़ा नही होगा।
राकेश कुमार श्रीवास्तव, अध्यक्ष, उप्र निर्वाचक कार्मिक एसोसिएशन

किसी का सूची से गलत तरीके से नाम न
कट जाए इसलिए हम संबंधित को नोटिस भेजकर कंफर्म कर रहे हैं। इस तरह की प्रक्रिया में काफी समय खर्च होता है। अगर आधार को वोटर कार्ड से लिंक कर दिया जाए तो ऐसी कई समस्याओं का समाधान होने में मदद मिलेगी।
फूलचंद, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी प्रयागराज