चार साल पहले हुई थी पिता की मौत, डेढ़ महीने पहले मां ने तोड़ा दम

दिल्ली में रहकर एमबीए की पढ़ाई के साथ प्राइवेट जॉब करती थी मृतका

PRAYAGRAJ: पिता के बाद मां की मौत का सदमा एमबीए की छात्रा स्वाती (30) बर्दाश्त नहीं कर सकी। घर के अंदर फांसी लगाकर सुसाइड कर ली। बात लोगों को मालूम चली तो वह खबर कोतवाली पुलिस को दी गई। पुलिस पहुंची और बॉडी को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया। छानबीन में कमरे से कोई सुसाइड लेटर भी नहीं मिला। पूछताछ में पता चला कि पैरेंट्स का साया सिर से उठने के बाद वह सदमे में थी। पुलिस ने बॉडी को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया।

बुधवार दोपहर हुई घटना

स्वाती भारती भवन रोड मीरगंज निवासी संतोष कुमार की इकलौती बेटी थी। करीब चार साल पहले संतोष की मौत हो गयी। इसके बाद उसकी परवरिश का जिम्मा मां पर आ गया। अकेली बेटी को पढ़ाकर कुछ बनाने का सपना उसकी मां देख रही थी। इस लिए उसे एमबीए की पढ़ाई के लिए दिल्ली भेज दिया था। स्वाती दिल्ली जाकर पढ़ाई के साथ प्राइवेट नौकरी भी किया करती थी। बताते हैं कि करीब डेढ़ माह पूर्व उसकी मां की तबियत खराब थी। यह सुनकर वह दिल्ली से घर आ गई और मां की सेवा में जुट गई। तमाम कोशिशों के बावजूद उसकी मां की आंखें हमेशा के लिए बंद हो गई। इससे स्वाती टूट गयी। पूछताछ में पुलिस को मालूम चला कि मां की मौत के बाद से स्वाती गुमसुम रहने लगी थी। बुधवार दोपहर करीब एक बजे वह घर के दूसरे फ्लोर पर जाकर फांसी लगा ली। काफी देर तक नहीं दिखी तो चचेरी बहनें आवाज दीं। जवाब नहीं मिला तो लोग जाकर देखे। अंदर से दरवाजा बंद था। वह खिड़की से झांके तो उसकी बॉडी कमरे में फांसी के फंदे से लटक रही थी।

युवती दिल्ली में पढ़ाई के साथ नौकरी भी करती थी। पिता के बाद मां की मौत से वह काफी सदमे में थी। इकलौती युवती ने इसी के चलते सुसाइड कर लिया। कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। बॉडी पोस्टमार्टम हाउस भेज दी गई है।

नरेंद्र प्रसाद, इंस्पेक्टर कोतवाली