- आठ माह का बच्चा बेड व दीवार के बीच फंसा, वहीं निकल गया दम

- नाराज पत्नी चली गई थी मायके, घर में नशे में था पिता

बरेली : सिर्फ आठ माह का था ही तो था वो। उसे मां का आंचल और पिता का दुलार चाहिए था। मासूम की आंखें उन दोनों में अपना हक तलाशती रहती थीं, मगर अफसोस मां, पिता उसच्बच्चे को भूलकर अपने टकराव में परिवार में बर्बाद करते चले गए। इसी विवाद में शनिवार को मां उस मासूम को छोड़कर मायके चली गई, नशे में पिता बेसुध पड़ा रहा। रात कोच्बच्चा बेड व दीवार के बीच संकरी जगह में गिरा और वहीं दम तोड़ दिया।

नशे में सोता रहा पिता

भुता के गांव मिर्जापुर निवासी चेतराम शर्मा उर्फ छोटू का पत्नी ईशा देवी से कई दिन से घरेलू विवाद चल रहा था। शनिवार को भी कहासुनी हुई तो ईशा अपने दोनोच् बच्चों को छोड़कर मायके रूपापुर चली गई। रात को चेतराम नशे में घर आया और सो गया। उसी बेड पर आठ माह का बेटा नितेश भी सो रहा था। रात में किसी समय वह बेड व दीवार के बीच खाली जगह में सिर के बल गिर गया। मासूम वहीं तड़पता रहा, चीखता चिल्लाता रहा मगर, नशे में चेतराम को कुछ पता नहीं चला। रात करीब दो बजे वह उठा तो देखा कि बेटा वहीं फंसा हुआ है। बेटे को बाहर निकाला, मगर तब उसकी सांसें थम चुकी थीं। चेतराम ने इसकी जानकारी ईशा को दी तो वह थाने पहुंची। कहा कि पति शराब, गांजा का नशा करता है। उसी ने बेटे को मार दिया। उनकी तहरीर पर पुलिस ने आरोपित को हिरासत में ले लिया। पुलिस को आशंका है कि बेहद संकरी जगह में सिर के बल गिरच् बच्चे की दम घुटने से मौत हुई। यदि चेतराम समय रहते देख लेता तो उसकी जान बच सकती थी।

गांव में बैठी थी पंचायत

पति, पत्नी के बीच विवाद होने पर रिश्तेदार मुनेंद्र ने बीते दिनों दोनों पक्षों के बीच पंचायत भी बैठाई थी। पिता चंद्रकिशोर के सामने ईशा ने कह दिया था कि पति के साथ नहीं रहना। चेतराम भी रिश्ता खत्म करने की बात पर अड़ा था। जिसके बाद तय हुआ कि चेतराम खर्च के लिए 60 हजार रुपये देगा, इसके बाद ईशा अपने मायके चली जाएगी। दच्नों बच्चे पिता के पास ही रहेंगे, इस पर ईशा ने भी हामी भर दी थी। पंचायत के बाद चेतराम रुपये जुटा रहा था, इसलिए ईशा उसी घर में थी। हालांकि, तीन दिन पहले भी वह नाराज होकर मायके चली गई, मगर लौट आई थी।

चेतराम करते हैं मजदूरी, चार साल पहले हुई थी शादी

चार साल पहले रुपापुर की रहने वाली ईशा देवी से चेतराम की शादी हुई थी। चेतराम मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण करते थे। विवाह के बाद एक बेटी ने जन्म लिया जिसकी उम्र वर्तमान में तीन साल है। उसके बाद बेटे ने जन्म लिया। चेतराम तीन भाई थे। एक भाई की बीमारी के चलते मौत हो चुकी है।

मामले में कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

- आरके मिश्र, सीओ, फरीदपुर