बरेली (ब्यूरो) यातायात माह में ट्रैफिक विभाग की ओर से चालान काटने से ज्यादा जागरूकता और नसीहत पर फोकस रहा। ट्रैफिक विभाग के आंकड़ों के अनुसार ट्रैफिक मंथ में अक्टूबर माह की अपेक्षा कम चालान काटे गए। साथ ही विभाग की ओर से तमाम स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम आयोजित कर स्कूली बच्चों और शिक्षकों को यातायात के नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया गया। इतने जागरूकता अभियान और कार्यक्रम चलाने के बाद भी ट्रैफिक मंथ में लगातार हादसे हुए। मात्र नवंबर माह में 100 से ज्यादा हादसे हुए और 40 लोगों की हादसों में मौत हुई। ऐसे में देखा जाए तो विभाग की ओर से जागरूकता अभियान चलाने का कोई असर नहीं दिखा।

300 से ज्यादा को छोड़ा
एसपी ट्रैफिक राममोहन सिंह ने बताया कि ट्रैफिक मंथ शुरू होने पर ही सभी टीआई और ट्रैफिक पुलिस के कर्मचारियों को निर्देशित कर दिया गया था कि यातायात के नियमों का उल्लंघन करने वालों का चालान न काटकर उन्हें जागरूक करने पर फोकस करें। यदि कोई बाइक सवार बिना हेलमेट लगाए नजर आए तो उसका चालान न काटें, बल्कि उसे नसीहत देकर छोड़ दिया जाए कि इन पैसों से वह हेलमेट खरीदे। पूरे मंथ में बिना हेलमेट लगाए 300 से ज्यादा बाइक सवारों को नसीहत देकर छोड़ा गया।

दूसरों को करें जागरूक
ट्रैफिक मंथ में विभाग की ओर से 25 स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम आयोजित कर स्टूडेंट्स और शिक्षकों को जागरूक किया गया कि ट्रैफिक नियमों का पालन करें। साथ ही अपने परिजन, परिचित और आसपास के लोगों को भी जागरूक करें कि यातायात के नियमों का उल्लंघन न करें। साथ ही उन्हें बताएं कि आपका जीवन आपके परिवार के लिए अनमोल है।

बढ़ा हादसों का ग्राफ
ट्रैफिक विभाग ने भले ही अक्टूबर माह की तुलना में ट्रैफिक मंथ में चालान कम काटे हो और तमाम जागरूकता अभियान चलाए। लेकिन इतने जागरूकता अभियान चलाने के बाद भी हादसों के ग्राफ में कोई कमी नहीं आई। लोगों पर जागरूकता अभियान का कोई भी असर नजर नहीं आया। पूरे जिले में ट्रैफिक मंथ में 100 से ज्यादा हादसे हुए और 40 से ज्यादा लोगों ने जान गंवाई और 135 लोग घायल हुए।

वर्जन
यातायात माह में चालान काटने पर जोर ने देकर जागरूकता पर जोर दिया। स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रम कर बच्चों को यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया गया। रही बात हादसों की तो हम सिर्फ लोगों को जागरूक कर सकते हैं, नियमों का पालन तो उन्हें ही करना है। ज्यादातर हादसे ओवर स्पीड के चलते हुए हैं।
राममोहन सिंह, एसपी ट्रैफिक