कानपुर (ब्यूरो)। लंबे समय पनकी इंडस्ट्रियल एरिया सीवर लाइन व वॉटर लॉगिंग की प्रॉब्लम को फेस कर रहा है। उद्योग बंधु की बैठक के बाद अब जल्द ही इस प्रॉब्लम से इंडस्ट्रियल एरिया की तीन हजार फैक्ट्रियों को निजात मिल जाएगा। मार्च में ही डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कर शासन को भेज दी जाएगी। उसी आधार पर बजट आवंटन होगा। इससे इंडस्ट्रियलिस्ट, बिजनेसमैन सहित लाखों लोगों को सीवेज प्रॉब्लम, वॉटर लॉगिंग व गंदगी के कारण बीमारियों से निजात मिलेगी।

अब तक नहीं डाली गई थी सीवर लाइनें
पनकी इंडस्ट्रियल एरिया साइट नंबर एक, दो, तीन, चार व पांच के साथ ही बजरंगबली इंडस्ट्रियल एरिया व इस्पात नगर में भी इंडस्ट्रीज हैं। इनकी स्थापना के बाद से अब तक सीवर लाइनें नहीं डाली गई थीं। इसे लेकर पीआईए, लघु उद्योग भारती सहित अन्य इंडस्ट्रियल आर्गनाइजेशंस ने एडमिनिस्ट्रेशन से लेकर शासन के ऑफिसर्स तक शिकायत की। मामला नगर विकास मंत्री एके शर्मा व सीएम योगी आदित्यनाथ तक पहुंचा। जिसके बाद शासन ने डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कराने के लिए पांच लाख रुपये स्वीकृत किए है।

जलनिगम को मिली जिम्मेदारी
उद्योग बंधु बैठक में मंडलायुक्त (कमिश्नर) अमित गुप्ता ने डीपीआर बनाने का जिम्मा जल निगम के अधिकारियों को सौंपा। उस पर काम शुरू हो गया है। इस काम को मार्च के आखिर तक पूरा करने के लिए कहा गया है। इससे सीवर लाइनें डालने पर खर्च की जाने वाली धनराशि, लाभ का आकलन कराया जा रहा है।

इंडस्ट्रियल एरिया की प्रॉब्लम दूर कराना प्राथमिकता में है। इंडस्ट्रियल एरिया की समस्याओं के लिए ही उद्योग बंधु बैठक में चर्चा होती है। पनकी क्षेत्र में सीवर लाइन डालने के लिए डीपीआर बन रही है।
-अमित गुप्ता, कमिश्नर