- उप मंडलीय अस्पताल में रेलवे कर्मचारियों के लिए बढ़ेंगी सुविधाएं

KANPUR: कोरोना से कानपुर में रेलवे अपने 22 कर्मचारियों को खो चुका है। अब जब तीसरी लहर की चर्चा हो रही है तो रेलवे ने कानपुर स्थित अपने उप मंडलीय अस्पताल में चार बेड का आईसीयू बनाने की कवायद शुरू कर दी है। आईसीयू न होने से गंभीर मरीजों व कोरोना संक्रमित मरीजों को रेलवे से जुड़े प्राइवेट अस्पतालों में रिफर करना पड़ता है। इलाज का पूरा पैसा रेलवे की तरफ से पे किया जाता है। 10 ऑक्सीजन सिलेंडर का बैकअप हमेशा रखा जाएगा। आईसीयू बनने से रेलवे के कर्मचारियों को काफी रिलीफ मिलेगी।

वेंटिलेटर अवेलेबल होंगे

उपमंडलीय रेलवे अस्पताल में चार वेंडीलेटर समेत गंभीर मरीजों के इलाज के लिए यूज की जाने वाले अन्य उपकरण डिवीजन स्तर पर परचेज किए जाएंगे। संभावना जताई जा रही है की कोरोना की तीसरी लहर के पहले रेलवे लोको अस्पताल में आईसीयू यूनिट ओपन हो जाएगा। आईसीयू में प्रशिक्षित स्टाफ की भी तैनाती की जाएगी।

कोट

60 बेड का अस्पताल था जिसे रीडेवलप करके 140 बेड का किया गया है। न्यू ओपीडी के साथ एक्सरे, पैथोलॉजी की भी सुविधा बढ़ा दी गई है। अब इसमें चार बेड का आईसीयू होगा और साथ ही 4 वेंटीलेटर भी होंगे।

मेडिकल उपकरण के साथ वेंटीलेटर भी खरीदे जाएंगे।

अमित मालवीय, पीआरओ, प्रयागराज डिवीजन