मेरठ (ब्यूरो)। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कैलाश प्रकाश छात्रावास में रविवार को खाना न बनाने के विरोध में छात्रों ने घंटों नारेबाजी कर हंगामा किया। कुलपति आवास के बाहर घंटों धरना दिया। कुलसचिव के समझाने व कोई कार्रवाई न करने के आश्वासन के बाद ही छात्र माने। परिसर स्थित कैलाश प्रकाश छात्रावास में शनिवार को छात्रों ने वार्डन डॉ। डीके चौहान से खराब खाना बनाने की शिकायत की थी।

हंगामा शुरू कर दिया
आरोप है वार्डन ने मैस ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। इसकी बजाय ठेकेदार ने सुबह का नाश्ता एवं दोपहर का खाना नहीं बनाया। इस बात से छात्रों का आक्रोश फूट पड़ा। गुस्साए छात्रों ने छात्रावास के बाहर एकत्र होकर हंगामा शुरू कर दिया। उनका आरोप था कि वार्डन ने ही ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई न करके उलटा खाना बनाने के लिए मना कर दिया है। हंगामा व नारेबाजी करते हुए छात्र कुलपति आवास पर पहुंच गए। कुलपति प्रो। संगीता शुक्ला को बुलाने की मांग की।

कार्रवाई न करने का आश्वासन
कुलपति के न आने पर सभी छात्र आवास के बाहर ही धरना देकर बैठ गए। छात्रों के धरने पर बैठने के बाद वार्डन डीके चौहान, एमपी छात्रावास के वार्डन डा। यशर्वेंद्र वर्मा पहुंचे। उन्होंने छात्रों को समझाने की कोशिश की, लेकिन नहीं माने। इसके बाद कुलसचिव धीरेंद कुमार मौके पर पहुंचे। कुलसचिव के पहुंचने पर छात्रों ने फिर आरोप लगाया कि वार्डन ने ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाय उलटा खाना बनाने से मना कर दिया है। वे विरोध करने वाले छात्रों के खिलाफ भी कार्रवाई करने की चेतावनी दे रहे हैं। कुलसचिव ने छात्रों को काफी देर तक समझाया और कार्रवाई न करने का आश्वासन दिया। इसके बाद ही छात्र धरने से उठे।

10 छात्रों को नोटिस
विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से छात्रावास अधीक्षक ने 10 छात्रों को नोटिस जारी किए हैं। जिसमें आरोप लगाया गया है कि छात्रावास मेस प्रभारी ने अवगत कराया है कि उन्होंने मेस में खाने के दौरान कर्मचारियों से अभद्र व्यवहार किया। कार्यरत महिला कर्मचारियों पर प्लेट फेंकी। इन सभी से सोमवार 11 बजे तक स्पष्टीकरण मांगा है। चेतावनी दी है कि क्यों ने आपके विरूद्ध कार्रवाई करते हुए छात्रावास को खाली करा लिया जाए। वहीं, छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि कोई कार्रवाई की तो वे आंदोलन को बाध्य होंगे। उधर, विश्वविद्यालय में धरने में छात्र वरूण सिरोहा, अमित गंगवार, अब्दुला, अक्षय बैंसला, अतुल वर्मा व शंशाक उपाध्याय शामिल रहे।