-सीएम से केन्द्रीय नागरिक उड्डयन सचिव की मुलाकात।

-जौलीग्रान्ट व पंतनगर एयरपोर्ट का इंटरनेशनल मानकों के मुताबिक होगा एक्सटेंशन

-जौलीग्रान्ट में हवाई जहाजों की नाइट पार्किंग की तलाशी जाएंगी संभावना

-दून एयरपोर्ट में एक्सटेंशन का फ‌र्स्ट फेज वर्क करीब 80 परसेंट तक पूरा

देहरादून,

केंद्रीय नागरिग उड्डयन सचिव प्रदीप खरोला ने सैटरडे को सीएम से मुलाकात की। सीएम आवास में भेंट के दौरान उन्होंने स्टेट में हवाई सेवाओं के विस्तार, जौलीग्रांट व पंतनगर एयरपोर्ट का इंटरनेशनल मानकों के अनुसार एक्सटेंशन किए जाने के साथ ही में हेली पोर्ट के निर्माण से संबंधित सब्जेक्ट्स पर मंथन हुआ। इस दौरान जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर हवाई जहाजों की नाइट पार्किंग की व्यवस्था से संबंधित संभावनाओं पर भी विचार विमर्श हुआ।

एक्सटेंशन के लिए भूमि की सैद्धांतिक सहमति

सीएम ने कहा कि जौलीग्रांट एयरपोर्ट के विस्तार के लिए आवश्यक भूमि की उपलब्धता के लिए स्टेट गवर्नमेंट की ओर से सैद्धान्तिक निर्णय ले लिया गया है। एयरपोर्ट इंटरनेशनल मानकों के अनुरूप तैयार हो, इसके लिए सरकार की ओर से सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं। जौलीग्रांट एयरपोर्ट के विस्तार व इसके इंटरनेशनल मानाकों के अनुरूप तैयार किये जाने बाद वहां पर हवाई जहाजों की नाइट पार्किंग की भी व्यवस्था हो सकती है। कहा, एयरपोर्ट के विस्तार से राज्य में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। सीएम ने कहा कि सीमान्त क्षेत्र होने के नाते सामरिक दृष्टि से भी इस एयरपोर्ट को इंटरनेशनल मानकों के अनुरूप बनाया जाना जरूरी है। केंद्रीय सचिव ने सीएम को प्रदेश में हवाई सेवाओं के एक्सटेंशन में आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया। बताया, जौलीग्रांट एयरपोर्ट का एक्सटेंशन का कार्य तेजी से किया जा रहा है। फ‌र्स्ट फेज में करीब 80 परसेंट कार्य पूरा हो चुका है।

पंतनगर बने ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट

पंतनगर एयरपोर्ट को भी ग्रीन फील्ड एयर पोर्ट बनाये जाने की दिशा में भी राज्य सरकार द्वारा प्रभावी पहल की गई है। इसके लिए आवश्यक भूमि की भी व्यवस्था राज्य सरकार द्वारा की गई है। यहां से भी इंटरनेशनल लेवल पर हवाई सेवा के संचालन में मदद मिलेगी। सीएम ने कहा कि राज्य की भौगोलिक पारिस्थिति को देखते हुए स्टेट में एयर सर्विस बेहद जरूरी है। इसके लिए सरकार की ओर से प्रभावी कार्ययोजना भी तैयार की गई है।