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Jharkhand का गांव Raijema हल्‍दी की ऑर्गेनिक खेती से बन रहा आत्‍मनिर्भर, PM Modi ने Mann Ki Baat में की तारीफ, देखें इस गांव की तरक्‍की

By: Chandra Mohan Mishra | Publish Date: Thu, 28 Apr 2022 19:28:20 (IST)

Jharkhand का Naxalite affected Village Raijema, Organic Turmeric की खेती से बन रहा आत्‍मनिर्भर। PM Narendra Modi ने हाल ही में Mann Ki Baat कार्यक्रम में रायजेमा के हल्‍दी किसानों को किया था प्रोत्‍साहित। तमाम महिला किसान हल्‍दी की खेती से सालाना डेढ़ से दो लाख रुपए कमा रही हैं। लैब टेस्‍ट में रायजेमा की हल्‍दी की गुणवत्ता सामान्य हल्दी से अधिक पायी गई। आने वाले दिनों में रायजेमा की ऑर्गेनिक हल्दी देश-विदेश में Trifed India के आउटलेट में मिलने की उम्‍मीद जगी। 

यूं तो झारखंड में धान की खेती को अधिक प्राथमिकता दी जाती है, लेकिन झारखंड में एक गांव ऐसा भी है, जो खास तौर पर हल्दी की ऑर्गेनिक खेती करके आत्मनिर्भर बन रहा है। इस गांव का नाम है रायजेमा, जो Seraikela Kharsawan जिले के कुचाई प्रखंड में स्थित है। बता दें कि यह गांव  घोर नक्सल प्रभावित है, इसके बावजूद यहां की महिलाएं पारंपरिक रुप से हल्दी की खेती करती हैं और बिना मशीनों के इस्‍तेमाल के हाथ की पिसी हल्‍दी अच्‍छे दामों पर बेचकर अपने परिवार की जिंदगी संवार रही हैं। आंकड़ों के मुताबिक एक महिला किसान को हल्दी की एक फसल से सालाना डेढ़ से दो लाख रुपए की आमदनी होती है। इस हल्‍दी की एक खास बात और है कि जब हल्दी के इसी पाउडर को ट्राईफेड की ओर से रांची की सरकारी फूड लैब में जांच करायी गयी, तो इसकी गुणवत्ता सामान्य हल्दी से अधिक मिली। सामान्य तौर पर हल्दी में करीब दो फीसदी करक्यूमिन होता है, लेकिन रायजेमा की ऑर्गेनिक हल्दी में 7 फीसदी से अधिक करक्यूमिन पाया गया। यही इस हल्दी की विशेषता है। हल्दी किसानों को ट्राइफेड शुरुआती सहयोग कर रही है। आने वाले दिनों में रायजेमा की ऑर्गेनिक हल्दी अब देश-विदेश में ट्राईफेड के आउटलेट में मिलने लगेगी।

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