क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ: रांची में भले ही एक सितंबर से ट्रैफि क रूल्स तोड़ने पर भारी भरकम जुर्माना लगाया जा रहा है. लेकिन बेलगाम ऑटो चालकों पर इनका कोई असर नहीं दिख रहा. रांची शहर में धड़ल्ले से बिना परमिट समेत अन्य कागजात के हजारों ऑटो अवैध रूप से सड़कों पर दौड़ रहे हैं. लेकिन, ट्रैफिक पुलिस इनके खिलाफ कार्रवाई करने से परहेज कर रही है.

टू-व्हीलर के कट रहे चालान

सख्ती से नियम लागू होने के बाद से पुलिस का ज्यादा ध्यान टू व्हीलर का चालान काटने में है. पिछले दस दिन में करीब 400 से अधिक वाहनों के चालान काटे गए हैं. जबकि शहर में जाम की समस्या पैदा करने में ऑटो का अहम रोल है. फिरायालाल चौक, रातू रोड, सेंट जेवियर्स कॉलेज समेत कई जगहों पर ऑटो की भीड़भाड़ के चलते जाम की स्थिति रहती है. ऑटो में क्षमता से ज्यादा सवारियां लेकर चलते हैं, जिससे हादसे का खतरा बना रहता है. इतना ही नहीं, शहर में करीब 18 हजार से अधिक ऑटो पॉल्यूशन भी बढ़ा रहे हैं. वहीं, पुलिस थड़पखना, मेन रोड, लालपुर चौक, सुजाता चौक, बहू बजार आदि कई जगहों पर बाइक, स्कूटी आदि के चालान करने में व्यस्त रहती है.

अब तक तय नहीं है पार्किंग

प्रशासन की ओर से अवैध रूप से ऑटो के खिलाफ मुहिम शुरू की थी. इस दौरान यातायात पुलिस ने दर्जनों ऑटो के चालान काटे थे. ट्रैफिक पुलिस और रांची नगर निगम समस्या के समाधान के लिए मीटिंग में अधिकारियों को ऑटो पार्किंग बनाने के निर्देश दिए थे. लेकिन प्रशासन ऑटो चालकों को पार्किंग की सुविधा नहीं दिला पाया है. नतीजन ऑटो बस स्टैंड के बाहर मेन रोड में एक दूसरे से पहले व ज्यादा सवारियां लेने की होड़ में लगे रहते हैं. इतना ही नहीं, पुलिस प्रशासन की ओर से ऑटो पर स्टीकर लगाने की बात कहते हुए उनके रूट आवंटित करने की योजना बनाई गई थी, जो सिर्फ कागजों तक सिमट कर रह गई है.

नए ट्रैफि क नियम लागू होने के बाद बढ़ी जुर्माना राशि

पहले अब

अवैध पार्किंग 100- 500 1500

बिना लाइसेंस 500 5000

डेंजर्स ड्राइविंग 1000 5000

ड्रंक एंड ड्राइविंग 2000 10000

बिना परमिट 5000 10000

ओवरलोडिंग पहले नहीं था, अब एक हजार रुपए प्रति यात्री जुर्माना