- 2012 में लॉन्च हुई स्कीम, सात साल से जिले में एक भी आवेदन नहीं

- जिला प्रोबेशन कार्यालय ने पिछले साल भी निकाला था विज्ञापन

द्दह्रक्त्रन्य॥क्कक्त्र: अनाथ बच्चों की परवरिश और उन्हें पारिवारिक माहौल देकर शिक्षित करने वाले मां-बाप, जिला प्रोबेशन कार्यालय को ढूंढे नहीं मिल रहे हैं. 2012 में लॉन्च हुई 'फिट पर्सन' नाम की योजना के लिए विभाग हर साल विज्ञापन तो निकालता है लेकिन बीते सात साल में किसी अनाथ को गोद लेने के लिए एक भी आवेदन नहीं आया है. जबकि जिला प्रोबेशन अधिकारी की तरफ से पिछले साल भी विज्ञापन जारी किया गया था, लेकिन आवेदकों के न आने से स्कीम धरी की धरी रह गई.

सात साल में परवान ही नहीं चढ़ी योजना अनाथ बच्चों की परवरिश कर उन्हें एक अच्छा इंसान बनाने के मकसद से प्रदेश सरकार की ओर से 2012 में 'फिट पर्सन' स्कीम लाई गई थी. जिसके तहत जिला प्रोबेशन कार्यालय को ऐसे लोगों की खोज करनी थी जो शेल्टर होम में रहने वाले अनाथ बच्चों को गोद लेकर पालने में इंट्रेस्टेड हों. विभाग ने इसके लिए विज्ञापन भी जारी किया लेकिन एक भी आवेदन नहीं आया. तब से हर साल विज्ञापन जारी होने के बाद भी कभी कोई आवेदन नहीं मिल सका है. यहां तक कि पिछले साल भी जिला प्रोबेशन अधिकारी सरबजीत सिंह ने विज्ञापन जारी करवाया था लेकिन कोई आवेदन करने नहीं आया.

मिलती आर्थिक मदद तो आते लोग

जिला प्रोबेशन कार्यालय के एक अधिकारी ने बताया कि इस स्कीम के तहत अगर 'फिट पर्सन' को सरकार की तरफ से आर्थिक सहायता के रूप में कुछ धनराशि उपलब्ध कराई जाती तो शायद लोग इस स्कीम में दिलचस्पी जरूर दिखाते. लेकिन आर्थिक सहायता की उपलब्धता न होने के कारण यह स्कीम पूरी तरह से फाइलों में बंद होती नजर आ रही है. जबकि यहां शेल्टर होम में तमाम अनाथ मासूम एक परिवार की आस में जी रहे हैं.

फैक्ट फिगर

2012 में लॉन्च हुई थी 'फिट पर्सन' स्कीम

- गोरखपुर चाइल्ड लाइन में हर माह आने वाले बच्चे - लगभग 2000

- बच्चों का ऑब्जर्वेशन करने वाली संस्थाएं - 6

बाल कल्याण समिति के सदस्यों के पास आने वाले बच्चों की संख्या - 25-30 प्रतिदिन

जिले के शेल्टर होम

- प्रतीक्षा शेल्टर होम, खोराबार

- आसरा शेल्टर होम, कैंपियरगंज

- एशियन सहयोगी संस्थान, जेल रोड

- एलएसडीपी, गुलरिहा

- पीजी एसएस, पादरी बाजार

- सरस्वती सेवा संस्थान, गगहा

बॉक्स

ये टीम करती है बच्चों की काउंसलिंग

बाल कल्याण समिति के चेयरपर्सन रिटायर्ड जज एसके सिंह, सदस्य डॉ. एमएन गुप्ता, डॉ. रेखारानी व सुनील सिंह चाइल्ड लाइन में आने वाले बच्चों की काउंसलिंग करते हैं.

वर्जन

फिट पर्सन स्कीम के तहत अभी तक कोई भी आवेदनकर्ता नहीं आया है. जबकि इसके लिए पिछले साल भी विज्ञापन जारी किया गया था. फिर से विज्ञापन जारी किया जाएगा.

- सरबजीत सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी