रांची(ब्यूरो)। राजधानी रांची से चलने वाले सैकड़ों वाहनों पर सरकार के करोड़ों रुपए बकाया हैं। वाहन मालिकों ने सालों से रोड टैक्स जमा ही नहीं किया है। फिर भी बड़े आराम से वाहन का कॉमर्शियल इस्तेमाल कर रहे हैं। ऐसे वाहन मालिकों पर अब गाज गिरने वाली है। ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट ने टैक्स डिफॉल्टर के खिलाफ सख्ती बरतनी शुरू कर दी है। विभाग की ओर से 1848 बस-ट्रक मालिकों को नोटिस भेजा गया है। इन्हें 15 दिनों के अंदर बकाये टैक्स का भुगतान करने को कहा गया है। विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, इन वाहनों पर करीब 19 करोड़ 23 लाख रुपए बकाया हैं।

तो जब्त होंगी गाडिय़ां

वहीं, करीब 250 वाहन ओनर ऐसे हैं जिन्होंने कोरोना काल के बाद से ही रोड टैक्स जमा नहीं किया है। इन पर जुर्माने के साथ तीन करोड़ रुपये से अधिक का बकाया हो गया है। डीटीओ ऑफिस से ऐसे सभी डिफाल्टर के एड्रेस पर नोटिस भेजा जा रहा है। 15 दिनों में यदि ये लोग बकाया टैक्स का भुगतान नहीं करते हैं तो इनकी गाड़ी भी जब्त हो सकती है। साथ ही मोटर अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर ब्लॉक भी किया जा सकता है।

2-3 साल से है बकाया

कोई दो साल तो कोई तीन साल से रोड टैक्स दबाकर बैठा है। बार-बार भुगतान के लिए कहने के बावजूद वाहन मालिकों की ओर से इसे गंभीरता से नहीं लिया गया। वहीं, दूसरी ओर टैक्स की राशि जमा नहीं होने से डिपार्टमेंट को भारी रेवेन्यू लॉस हो रहा है। इस वजह से अब विभाग की ओर से कड़ी कार्रवाई का निर्णय लिया गया है। जिन डिफाल्टर को नोटिस भेजा जा रहा है, उनमें कई ऐसे भी हैं जिनके पास पांच या उससे अधिक वाहन हैं। लेकिन उन्होंने किसी भी वाहन का रोड टैक्स जमा नहीं किया है। कई वाहनों के तो साल 2019 से ही रोड टैक्स बकाया हैं। वर्तमान में करीब 750 वाहनों की सूची डीटीओ कार्यालय की ओर से जारी की गई है। इनमें कई वाहन 2019 के अलावा साल 2020 व 2021 से अब तक टैक्स जमा नहीं करने वाले भी शामिल हैं।

नोटिस से हड़कंप

नोटिस जारी होते ही वाहन मालिकों में हड़कंप मच गया है। कार्रवाई के डर से वाहन मालिक धड़ाधड़ टैक्स जमा करने पहुंच रहे हैं। नोटिस जारी होते ही करीब दो करोड़ रुपए वाहन मालिकों द्वारा जमा भी किया गया है। डीटीओ प्रवीण कुमार प्रकाश ने बताया कि बकायेदार सभी कॉमर्शियल वाहन के मालिकों को सार्वजनिक नोटिस देकर टैक्स भुगतान का मौका दिया जा रहा है। इसके बावजूद टैक्स जमा नहीं करने वाले वाहन अगर सड़क पर नजर आए या कहीं भी देखे गए तो उसे जब्त कर लिया जाएगा। वाहन को नीलाम करके बकाया राशि वसूली जाएगी।

लॉकडाउन के बाद से सुस्ती

दरअसल, 2020 में लॉकडाउन के कारण सब कुछ बंद हो गया था। सारी व्यापारिक गतिविधियां एकदम रुक गईं थीं। इसके बाद जब अनलॉक हुआ, उसके बाद मार्केट में मंदी का दौर आ गया। ऐसे में कई ट्रांसपोर्टर वाहन का रोड टैक्स नहीं भर पाए। अब उन पर टैक्स के साथ लाखों रुपए का जुर्माना भी बकाया हो गया है। बावजूद इसके, वाहन स्वामी टैक्स देने को तैयार नहीं है। फस्र्ट फेज में विभाग ने 1848 वाहनों की सूची जारी की है। यह लिस्ट आगे और भी लंबी हो सकती है। विभाग का कहना है कि वाहन मालिकों पर करोड़ो रुपए बकाया हैं। पहले भी रिमाइंडर नोटिस भेजा गया, लेकिन किसी ने रुचि नहीं दिखाई। इसलिए अब कार्रवाई करने का निर्णय लिया गया है।

जिन वाहन मालिकों ने टैक्स का भुगतान नहीं किया है, वे जल्द से जल्द जमा कर दें। अन्यथा गाड़ी जब्त करते हुए वाहन मालिक पर कार्रवाई की जाएगी।

-प्रवीण कुमार प्रकाश, डीटीओ, रांची