North Korea has taken a further step to prepare for possible conflict telling foreign embassies that their safety could not be guaranteed in the event of war.


नॉर्थ कोरिया ने फ्राइडे को तमाम एम्बेसी को चेतावनी दे दी कि 10 अप्रैल के बाद उनकी सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है. उसने एम्बेसी से अपने कर्मियों को हटाने पर विचार करने को कहा है. इससे कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव और बढऩे की आशंका है.  प्योंगयोंग स्थित ब्रिटेन और रूस जैसे यूरोपियन कंट्रीज की एम्बेसी ने चेतावनी भरी एडवाइजरी मिलने की बात स्वीकारी है. बुल्गारिया की फॉरेन मिनिस्ट्री के मुताबिक यूरोपीय यूनियन के सभी देशों के राजदूत तनावग्रस्त परिस्थितियों के मद्देनजर आम राय कायम करने के लिए सैटरडे को मिलेंगे. प्योंगयोंग के करीबी रूस के फॉरेन मिनिस्टर सर्गेई लावरोव इस चेतावनी के संबंध में चीन व अमेरिका सहित नॉर्थ कोरिया के साथ परमाणु वार्ता कर रहे अन्य देशों से चर्चा कर रहे हैं.
लावरोव ने कहा कि इस मामले में कई बातों का स्पष्टीकरण जरूरी है. हालांकि रूसी एम्बेसी के प्रवक्ता डेनिस सैमसोनोव ने फोन पर कहा कि रूस की फिलहाल एम्बेसी खाली करने की योजना नहीं है. नॉर्थ कोरिया ने ताजा चेतावनी अपने पूर्वी तटों पर मिसाइलें तैनात करने के बाद जारी की है.

Posted By: Garima Shukla