वज्रपात से पहले ऐप लोगों को एलर्ट कर जनहानि से बचाएगा. इसको लेकर बुधवार को संगम सभागार में बैठक का आयोजन किया गया. बता दें कि वज्रपात के प्रति सबसे संवेदनशील तीन जिलों सोनभद्र मीरजापुर एवं प्रयागराज है. इसके लिए अधिकारियों और समुदायों की क्षमता को विकसित करने की सक्रिय पहल के फलस्वरूप वज्रपात सुरक्षा जन जागरूकता कार्यक्रम चलेगा.


प्रयागराज (ब्‍यूरो)। शासन द्वारा पायलट प्रोजेक्ट चलाया जाएगा। जिसके तहत अगले दो-तीन महीनों में जनपद, ब्लाक एवं ग्राम स्तर पर वृहद कार्यशालाएं आयोजित कर 45 प्रखंडों के लगभग 4000 अधिकारियों और सबसे ज्यादा प्रभावित सोनभद्र के 637 गावों में कार्यक्रम होंगे। उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष आरपी शाही का कहना है कि वज्रपात अवश्यंभावी हंै और इसे घटित होने से कदापि नहीं रोका जा सकता है मगर व्यापक पैमाने पर जन-जागरूकता फैला कर इससे होने वाली जन-धन की हानि को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

Posted By: Inextlive