पीपीगंज एरिया जंगल अगही टोला सहजुआ में झोपड़ी में अकेले रहने वाले 70 वर्षीय साधु के मर्डर कांड में पुलिस के करीबियों पर शक है. सर्विलांस की मदद से पुलिस कातिलों तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है. एसपी नार्थ ने बताया कि कुछ लोगों से पूछताछ की गई है. जो जानकारी मिली है. उसके आधार पर जल्द ही घटना का पर्दाफाश कर दिया जाएगा.


गोरखपुर (ब्यूरो) सहजुआ निवासी साधु हंसराज घर से दूर खेत में अपनी कुटी बनाकर रहते थे। रात वह खाना खाकर झोपड़ी में सो गए। सुबह जब परिजन उनके पास पहुंचे तो देखा उनकी गला काटकर हत्याकर दी गई है। लोगों की सूचना पर पुलिस छानबीन में जुट गई। इस दौरान सामने आया कि साधु की भूमि को लेकर कुछ लोगों को विवाद चल रहा था। पुलिस ने भूमि विवाद से जुड़े हुए सभी पक्षों से पूछताछ शुरू कर दी। इस दौरान कुछ ऐसी बातें सामने आईं जिनके आधार पर जल्द ही घटना का पर्दाफाश हो सकता है। पूर्व के मामले में भी फंसेगी गरदन


मौके पर पहुंचे एडीजी अखिल कुमार को लोगों ने बताया था कि हंसराज की कुछ भूमि पीपीगंज के गुलरिहा में भी है। वह दो वर्ष पूर्व वहां कुटी बनाकर रहते थे। दो वर्ष पूर्व वहां पर भी उन पर चाकुओं से जानलेवा हमला हुआ था। इस मामले में कार्रवाई नहीं हुई। कुछ लोगों के दबाव में आकर तत्कालीन विवेचक ने मामला रफादफा कर दिया। इस मामले में छानबीन होने पर दरोगा की गरदन फंस सकती है। कुछ लोग पुरानी घटना को भी मर्डर से जोड़ रहे हैं।

घटना की छानबीन जारी है। कुछ लोगों से पूछताछ की गई है। अभी तक कोई सटीक जानकारी नहीं मिली है। उम्मीद है जल्द ही घटना का पर्दाफाश हो जाएगा। मनोज कुमार अवस्थी, एसपी नार्थ

Posted By: Inextlive