प्राइवेट जॉब वाले भी हैं तो अधिवक्ता भी रंगकर्मी भी हैं और सामाजिक कार्यकर्ता भी और बेस्ट मोटिवेटर भी. गोरखपुर के यूथ जिस रंग में चाहो उस रंग में ढल जाते हैं. अलग-अलग तो यह खूबियां करीब सभी में होती हैं लेकिन इन सभी खूबियों को पास रखने वाली यूथ की टीम इस वक्त गोरखपुर की जान है और शायद गोरखपुर के यूथ ने स्वामी विवेकानंद के अनमोल विचार 'उठो जागो और तब तक नहीं रुको जब तक लक्ष्य ना प्राप्त हो जायेÓ को आत्मसात कर लिया है. इसीलिए चाहे लोकल कैंपेन हो या अवेयरनेस प्रोग्राम सोशल रिस्पांसिबिल्टी हो या एन्वायर्नमेंट सेफ्टी यह टीम अपनी जिम्मेदारियों को सभी जगह निभा रही है.


गोरखपुर (ब्यूरो) इस यूथ डे पर दैनिक जागरण आईनेक्स्ट इन युवाओं की खास टोली की कहानी लेकर आपके बीच है, जिन्होंने न सिर्फ अपनी सोशल रिस्पांसिबिल्टी निभाई, बल्कि हर फील्ड में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। पेशे से अधिवक्ता हो चुके दुर्गा शंकर शुक्ला के लाडले शिव प्रसाद शुक्ला की अगुवाई में यह टीम लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है। शुरू से ही सोशली एक्टिव
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर यूनिवर्सिटी से यूजी, पीजी और फिर एलएलबी करने वाले शिव प्रसाद का इंटरेस्ट शुरू से ही सोशल वर्क में रहा है। उनके साथ उनकी टीम में शामिल अविनाश धर दुबे, नवनीत शुक्ला, अंकित मौर्य, अरुण कुमार मिश्रा, प्रार्थना कुमारी, तृप्ति सिंह, सार्थक शुक्ला, कृति शाह, अम्बरीश त्रिपाठी, बसंत चौबे, पूर्णिमा गर्ग, ओमिषा जायसवाल, अर्पिता दुबे, आदर्श राम त्रिपाठी, अमन सिंह, स्नेहा यादव, देवांग त्रिपाठी, कृष्णानंद गुप्ता, अंजू उपाध्याय, अदिति त्रिपाठी, मिर्जा मोहम्मद हसन, शिवम खरवार, जूली शर्मा, इत्यादि भी उनके साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ी हैं। ग्रेजुएशन के दौर में जहां उन्होंने एनएसएस के जरिए सोशल फील्ड में कदम रखा। वहीं, पढ़ाई कंप्लीट होने के बाद इस टीम ने सोशल रिस्पांसिबिल्टी को जिंदगी में शामिल कर लिया। साथ मिले तो बना यूथ पॉवर


यूथ की यह टोली अपनी-अपनी पढ़ाई के साथ सोशली एक्टिव रही। जब दो-चार लोगों से शुरू हुई इस टीम में जब मेंबर्स की संख्या काफी ज्यादा हो गई तो इन्होंने यूथ पॉवर एसोसिएशन की नींव रखीं। इसका अध्यक्ष शिव प्रसाद शुक्ला को बनाया गया। इसके बाद इन्होंने सोशली एक्टिव वर्क किया और वॉटर कंजर्वेशन के लिए 'जल है तो कल हैÓ अभियान छेड़ दिया। यह अभियान सिर्फ एक-दो दिन या महीने नहीं, बल्कि रेग्युलर जारी रहने वाला अभियान है, जिसके तहत लगातार काम चल रहे हैं। उन्होंने नेशनल और स्टेट लेवल पर कई कार्यक्रम ऑर्गनाइज किए। इतना ही नहीं वॉटर कंजर्वेशन के साथ एनवायर्नमेंट सेफ्टी के लिए इन्होंने गांवों में जाकर चौपाल लगाई, स्कूल-कॉलेज में वर्कशॉप और सेमिनार किए। कॉम्प्टीशन और सम्मान समारोह ऑर्गनाइज किए। खास बात यह रही कि यह ऑनलाइन और ऑफलाइन मीडियम से 10,000 से ज्यादा लोगों को अवेयर करने में कामयाब भी रहे। वहीं अलग-अलग प्रोग्राम के थ्रू टीम ने 1000 से ज्यादा पौधे भी लगावाए। अवेयरनेस के लिए 500 से अधिक नुक्कड़ नाटक का मंचन भी किया।इसमें भी रहा योगदान - - श्रमदान कार्यक्रम- शपथ व हस्ताक्षर अभियान- पर्यावरण संरक्षण- स्वच्छता अभियान- वोटर अवेयरनेस- एड्स जनजागरुकता - वुमन इंपॉवरमेंट- कन्या भ्रूण हत्या- कैंसर अवेयरनेस- कोरोना अवेयरनेस

बनाया यूनिक वल्र्ड रिकॉर्डयूथ की इस टीम ने नुक्कड़ नाटक में एक अलग तरह का रिकॉर्ड भी बनाया है। इसमें टीम मेंबर्स ने एक ही दिन में यूपी-53 की थीम पर 53 अलग-अलग जगह नाटक कर वल्र्ड रिकॉर्ड बनाया। शिव प्रसाद शुक्ला के डायरेक्शन में बने इस यूनिक वल्र्ड रिकॉर्ड ने रेट भी किया। यूथ पॉवर एसोसिएशन नाम से युवाओं का एक समूह बनाकर यूवा विकास, जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण व कैंसर जागरूकता के के क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है। अवॉर्ड युवा ग्राम मित्र सम्मान (नेशनल)दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय सेवा योजना पुरस्कार राष्ट्रीय सेवा योजना स्वर्ण पदक सम्मान संजोगता महाजन मेमोरियल अवार्ड फॉर यूथ (राज्यस्तरीय) पूर्वांचल युवा सम्मान यूथ आइकन अवार्ड मतदाता जागरुकता के क्षेत्र में मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश की ओर से सम्मान स्वामी विवेकानंद के अनमोल विचार1. उठो, जागो और तब तक नहीं रुको जब तक लक्ष्य ना प्राप्त हो जाये। 2. किसी की निंदा ना करें, अगर आप मदद के लिए हाथ बढ़ा सकते हैं, तो ज़रुर बढाएं। अगर नहीं बढ़ा सकते, तो अपने हाथ जोडिय़े, अपने भाइयों को आशीर्वाद दीजिये, और उन्हें उनके मार्ग पे जाने दीजिये।
3. विश्व एक व्यायामशाला है, जहां हम खुद को मजबूत बनाने के लिए आते हैं। 4. ब्रह्माण्ड की सारी शक्तियां पहले से हमारी हैं। वो हमीं हैं जो अपनी आँखों पर हाँथ रख लेते हैं और फिर रोते हैं कि कितना अन्धकार है। 5. जब तक आप खुद पे विश्वास नहीं करते तब तक आप भागवान पे विश्वास नहीं कर सकते।

Posted By: Inextlive