देहरादून (ब्यूरो) यूजीसी के अध्यक्ष प्रो। एम जगदीश कुमार ने हाल ही में इग्नू के चार वर्षीय स्नातक डिग्री कार्यक्रमों को लॉन्च किया है। उन्होंने कहा कि नेशनल एजुकेशन पॉलिसी 2020 के तहत इन चार वर्षीय स्नातक डिग्री प्रोग्राम में छात्रों को पढाई के साथ ही कौशल विकास के बारे में भी जानने का मौका मिलेगा। इग्नू रीजनल सेंटर दून के सीनियर रीजनल डायरेक्टर डॉ। अनिल कुमार डिमरी ने कार्यक्रमों की रूपरेखा के बारे में बताया कि इग्नू में जनवरी 2024 सत्र से नेशनल एजुकेशन पॉलिसी 2020 के अनुरूप स्नातक के 17 प्रोग्राम में चार वर्षीय डिग्री कार्यक्रम शुरू हो चुके हैं।

ऐसे हासिल हो पाएंगी डिग्री
-4 वर्षीय स्नातक डिग्री प्रोग्राम में चार वर्ष में कुल 160 क्रेडिट अर्जित करने होंगे।
-स्टूडेंट्स के पास मल्टीपल एंट्री-एग्जिट का ऑप्शन होगा।
-1 साल के बाद प्रमाणपत्र, 2 साल के बाद डिप्लोमा, 3 साल की पढ़ाई करने पर 120 क्रेडिट मिलेगा।
-इस क्रेडिट के साथ आर्ट में बीए इन मेजर, कॉमर्स में बीकॉम इन मेजर व साइंस स्ट्रीम में बीएससी इन मेजर की डिग्री मिलेगी।
-4 साल की पढ़ाई करने वाले स्टूडेंट्स को 160 क्रेडिट अर्जित करने पर ओनर्स (रिसर्च) की डिग्री मिलेगी।

दोनों डिग्री के क्रेडिट मुख्य डिग्री में जुड़ेंगे
इन चार वर्षीय स्नातक डिग्री कार्यक्रमों में छात्र एक साथ मेजर डिग्री के साथ दूसरी माइनर डिग्री की पढ़ाई भी कर सकेंगे। दोनों डिग्री के क्रेडिट उनकी मुख्य डिग्री में जुड़ेंगे। सभी छात्रों को एकेडमी बैंक ऑफ क्रेडिट का लाभ मिलेगा। इसके अलावा स्टूडेंट्स को अपनी पसंद के किसी भी विषय की पढ़ाई अन्य विवि और स्वयं प्लेटफार्म से ऑनलाइन पढ़ाई की भी आजादी होगी।

3 सब्जेक्ट के साथ ग्रेजुएशन
इग्नू ने जनवरी 2024 सत्र में बीए-जी व बीएससी-जी के स्थान पर तीन विषयों के साथ स्नातक कार्यक्रम बीए-एम, बीएससी-एम शुरू किया है। यह पहली बार हुआ है कि जब इग्नू में तीन विषयों के साथ स्नातक कार्यक्रम उपलब्ध होंगे। इसका लाभ उन स्टूडेंट्स को मिलेगा, जो विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं या फिर अध्यापन क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं।
dehradun@inext.co.in