- केजीएमयू ने शुरू निगोशिएशन के बाद शुरू किया अनुबंध प्रासेस

- जल्द दवाओं की सप्लाई होगी बहाल

- अब भी बनी हुई है एंटीबायोटिक व अन्य दवाओं की दिक्कत

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LUCKNOW: किंग जॉर्ज चिकित्सा चिकित्सा विश्वविद्यालय में दवा कम्पनियों के साथ निगोशिएशन का काम पूरा हो चुका है. कम्पनियों के साथ दर अनुबंध की प्रासेस केजीएमयू प्रासेस ने शुरू कर दी है. केजीएमयू प्रशासन का दावा है कि अनुबंध के बाद एल ख् की म् कम्पनियां दवा सप्लाई शुरू करेंगी जिससे मरीजों को समय दवाएं दी जा सकेंगी. फिलहाल मरीजों को महंगी दवाओं को प्राइवेट मेडिकल स्टोर से खरीद कर लाना पड़ रहा है.

पिछले एक साल से हो रही दिक्कत

पिछले एक साल से केजीएमयू में दवाओं की लगातार दिक्कत चल रही है. जिसका मेन कारण स्काट एडिल कम्पनी द्वारा समय पर दवाएं सप्लाई न करना था. लगातार दवा सप्लाई में दिक्कतों के कारण केजीएमयू प्रशासन ने इस कम्पनी को पिछले माह बैन कर दिया. इस कम्पनी के पास सबसे ज्यादा दवाएं सप्लाई करने का आर्डर था. लेकिन कम्पनी विभिन्न कारण बता कर लगातार मरीजों के लिए परेशानी उत्पन्न की.

लोकल परचेज से दे रहे दवाएं

दवाएं सप्लाई न होने के कारण अब भी एंटीबायोटिक व अन्य दवाओं की समस्या लगातार बनी हुई है. केजीएमयू प्रशासन का दावा है कि लोकल परचेज के माध्यम से दवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. जिसमें महंगी एंटीबायोटिक दवाएं और सर्जिकल आईटम्स भी हैं. उल्लेखनीय है कि केजीएमयू प्रशासन हर साल लगभग क्ख् करोड़ रुपए की दवाएं खरीदकर मरीजों को उपलब्ध कराता है. बीपीएल व जनरल वार्ड में भर्ती मरीजों को नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाती हैं. लेकिन स्काट एडिल कम्पनी की लापरवाही के कारण लम्बे समय से दवाओं की किल्लत बनी हुई थी. जिससे मरीजों को मार्केट से दवाएं खरीद कर लानी पड़ती हैं. इनमें महंगे एंटीबायोटिक, जीवन रक्षक दवाएं, व सर्जिकल आईटम्स हैं.

एलख् कम्पनियों से अनुबंध किया जा रहा है. जल्द ही सप्लाई बहाल हो जाएगी और मरीजों को दवाओं की दिक्कत नहीं होगी. फिलहाल लोकल परचेज व अन्य माध्यमों से मरीजों को दवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं.

डॉ. वेद प्रकाश, डीएमएस, केजीएमयू