स्‍मॉग ने दिल्‍ली को एक गैस चेंबर में बदल कर रख दिया है। दिल्‍ली सरकार ने इससे छुटकारा पाने के लिये कुछ कदम उठाये हैं। जिसमें से ऑड-ईवन फार्मूले को भी एयर पॉल्‍यूशन से बचने के लिये लागू किए जाने पर विचार कर रही है। ऐसे में हम आपको उन देशों के बारे में बताने जा रहे हैं जो एयर पॉल्‍यूशन से छुटकारा पाने के लिये कई तरह के उपाय करते हैं।


वर्क फ्रॉम होमदिल्ली में स्मॉग से बचने के लिये पांच दिनों के लिए कंस्ट्रक्शन और डेमोलिशन को बंद कर दिया गया है। लोगों को वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी गई है। कृत्रिम वर्षा की मांगस्मॉग से राहत दिलाने के लिये बारिश की जरूरत होती है। ऐसे में दिल्ली सरकार ऑर्टिफिशियल रेन कराने पर केंद्र से बात हो रही है। दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में पत्तियां जलाने पर सख्ती से रोक लगा दी गई है। निगरानी के लिए मोबाइल एप जारी की गई है। नहीं जलेगा कूड़ाएमसीडी को कूड़े के ढेरों में लगी आग फौरन बुझाने के निर्देश दिए गए हैं। सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जा रहे हैं। जिससे सड़कों पर उड़ने वाली धूल ना उड़े। कार्बन इमिशन कम


बीजिंग में फरवरी में पॉल्यूशन बढ़ा था। नौबत ऐसी आ गई कि रेड अलर्ट जारी करना पड़ गया। इसके बाद कार्बन इमिशन कम करने पर जोर दिया गया।क्लाउड सीडिंग पर जोर

चीन ने क्लाउड सीडिंग पर जोर दिया। यह आर्टिफिशियल बारिश के लिए है। इसमें सिल्वर आयोडाइड जैसे केमिकल से भरे गोले प्लेन के जरिए दागे जाते हैं। इससे आसमान पर बादलों में मौजूद पानी बरस जाता है। चीन ने यह टेक्नोलॉजी फरवरी में भारत को भी ऑफर की थी।कुछ ऐसी है दिल्ली की आवो-हवादिल्ली के मंदिर मार्ग में एयर क्वालिटी इंडेक्स 326, आनंद विहार में 430, सिरी फोर्ट में 316, द्वारका में 327, शादीपुर में 331 है।

Posted By: Prabha Punj Mishra