- दैनिक जागरण आई नेक्स्ट अपडेट्स ऑन रेडियो सिटी में कंसल्टेंट पल्मोनोलॉजिस्ट डॉ। ऋिषभ गोयल देंगे सुझाव

GORAKHPUR: गोरखपुर में कोरोना केस एक हजार से ऊपर पहुंच चुके हैं। हालांकि ज्यादा टेस्टिंग होने से यह केस बढ़ रहे हैं। इस वैश्विक महामारी में खुद को संक्रमण से बचने का एकमात्र रास्ता है कि आप अपने घर में रहें। हाथों को बार-बार धोते रहें। बहुत जरूरी हो तभी घर से निकलें। कोरोना ने अपने पैर पसारने शुरू कर दिए हैं। प्रतिदिन संक्रमितों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है। प्रत्येक आयु वर्ग के लिए ये घातक बना हुआ है। जैसा कि सभी जानते हैं कि वायरस का संक्रमण मुख्यत: खांसने, छींकने से हवा में फैले छोटे-छोटे पानी के कणों द्वारा या संक्रमित हाथों से आंख, नाक, मुंह को छूने से होता है। बचाव के लिए वायरस के संक्रमण चक्र को तोड़ना अति आवश्यक है। ये बातें दैनिक जागरण आई नेक्स्ट अपडेट्स ऑन रेडियो सिटी में कंसल्टेंट पल्मोनोलॉजिस्ट डॉ। ऋिषभ गोयल बता रहे हैं। प्रोग्राम का टेलीकास्ट रेडियो सिटी 91.9 एफएम पर सुबह 10 बजे होगा। डॉ। ऋिषभ बताते हैं कि कोरोना वायरस के कई लक्षण नजर आने लगे हैं। खांसी, बुखार व बदन दर्द के अलावा दस्त भी देखे जा रहे हैं। कोरोना वायरस के लिए हर वर्ग एक कमजोर कड़ी बन चुका है। बच्चों में खासतौर पर प्रतिरोधक क्षमता काफी कम होती है। इसलिए नवजात एवं दो साल से कम उम्र के बच्चों को माताएं स्तनपान अवश्य कराएं। क्योंकि मां का दूध प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है। दो साल से बड़े बच्चों को समय से विटामिन सी एवं डी युक्त भोजन कराएं, जंक फूड न दें। टीके की सुविधा उपलब्ध होने पर टीकाकरण अवश्य कराएं। बच्चों को घर से बाहर निकलने या खेलने की अनुमति न दें।