मेरठ (ब्यूरो)। 25 अप्रैल से संस्कृत बोर्ड की कॉपियों का मूल्यांकन श्री विल्वेश्वरनाथ संस्कृत महाविद्यालय में जारी है। यहां पर आठवीं, दसवीं व इंटर की संस्कृत बोर्ड की कॉपियों का मूल्यांकन चल रहा है। पांच मई तक शिक्षकों को मूल्यांकन प्रक्रिया को हर हाल में पूरा करना है। इसके लिए शासन ने भी सख्त निर्देश दिए हैं। ऐसे में 16 हजार कॉपियों का मूल्यांकन समय से पूरा करने के लिए रविवार को भी मूल्यांकन जारी रहा। कॉपी मूल्यांकन के दौरान शिक्षकों को प्रश्नों के जवाब में हनुमान चालीसा लिखी मिल रही है। कुछ स्टूडेंट्स ने खाली प्रश्नों को उतार दिया है तो कुछ ने जवाब में हनुमान चालीसा लिखी है। शिक्षकों की मानें तो अधिकतर कॉपियां ऐसी थीं, जिनमें काम अच्छा था। लेकिन, जिन सवालों के जवाब स्टूडेंट को नहीं आते थे उन जगहों को इस तरह से भरा गया है।

दिखाया भगवान पर भरोसा
मेरठ में इन दिनों 60 टीचर्स मूल्यांकन का कार्य कर रहे हैं। यहां प्रथमा यानि आठ से उत्तर मध्यमा यानि इंटर तक की कॉपियां चेक हो रही हैं। कॉपी जांचने वाले शिक्षकों के अनुसार उनके पास जिला फतेहपुर, कौशांबी, मिर्जापुर, भदोही, जालौन की कॉपियां चेक होने के लिए आई हैं। रविवार को कॉपी चेक करने पर उप नियंत्रक डॉ। दिनेश दत्त शर्मा ने बताया कि उनके पास जो कॉपियां आई हैं। अधिकतर कॉपियों में स्टूडेंट्स ने अच्छे जवाब दिए हैं। लग रहा था कि स्टूडेंट्स ने मेहनत से पढ़ाई की है। लेकिन, अंत में एक दो सवालों पर हनुमान चालीसा लिखी हुई थी। जिससे उनका भगवान के प्रति भरोसा झलक रहा था। वहीं, शिक्षक अरुण शर्मा ने बताया कि उनके पास जो कॉपी आई थीं उनमें जहां पर सवाल का उत्तर नहीं आता था। स्टूडेंट्स ने वहां श्री राम जय श्री राम लिखा हुआ था। उप नियंत्रक डॉ। शर्मा ने बताया कि पांच मई तक हर हाल में कॉपियों के मूल्यांकन का काम पूरा करना है। इसलिए रविवार को भी मूल्यांकन किया गया है।