वाराणसी (ब्यूरो)बोर्ड एग्जाम बहुत बड़ा हौवा नहीं हैअगर पूरी सूझबूझ व तैयारी के साथ एग्जाम दें तो कोई भी कठिनाई सामने नहीं आएगीबोर्ड एग्जाम में बैठने से पहले स्टूडेंट्स यह जान लें कि उन्हें क्वेश्चन पेपर मेें आए सारे सवालों को अटेंप्ट जरूर करना हैइससे माक्र्स में बढ़ोतरी ही होगीअक्सर कुछ टफ सवालों में ही बच्चे उलझे रहते हैंऐसा बिल्कुल भी न करेंइस तरह के सवाल को छोड़कर आगे बढ़ेबचे हुए समय में उस पर ध्यान देंस्टूडेंट जल्दबाजी में छोटी-छोटी गलतियां करने से बचेंऐसा करने पर आपके नंबर कट सकते हैंयह बातें बोर्ड एग्जाम की कॉपियां चेक करने वाले टीचर्स ने दैनिक जागरण आईनेक्स्ट से शेयर की हैंऐसे ही कई इंपॉर्टेंट बातें टीचर्स ने बताई हैं, जिसे फॉलो कर स्टूडेंट बोर्ड एग्जाम में अच्छा स्कोर कर सकते हैंचलिए जानते हैं इन गलतियों से बचकर कैसे बेहतर नंबर लाने हैं.

बच्चे अपना ओपिनियन आंसर में न डालें

अगर बात इंग्लिश की करें तो लिट्रेचर लिखते समय समरी से काम नहीं चलेगाइसलिए जरूरी है कि बुक पढ़ेंतभी पूरे नंबर मिलते हैंटेक्स्ट का कीवर्ड सही होने चाहिएबुक में जो भी लिखा हो, उसे ही आंसर में लिखेंपोयम में भी सेम लाइनें आंसर में लिखी जानी चाहिए, अपना ओपिनियन कतई आंसर में ना डालेंलैंग्वेज पार्ट में ग्रामर पर ध्यान देना चाहिएलैंग्वेज गलत होने पर नंबर कट जाते हैंअगर इंग्लिश कमजोर है तो सिंपल शब्दों को यूज करेंकहां कैपिटल लेटर और कहां पर स्मॉल लेटर का यूज करना है, इसका जरूर ध्यान देंआई वर्ड को हमेशा कैपिटल लिखना होता है लेकिन बच्चे यहां गलती कर ही देते हैं.

सीबीएसई बोर्ड के स्टूडेंट के लिए

आंसर लिखते समय क्वेश्चन संख्या जरूर लिखें

सवालों को अच्छे से पढ़कर उसका आंसर देंकई बार स्टूडेंट बिना ध्यान से पढ़े ही सवालों का आंसर देने लगते हैं, जिससे गलतियां हो जाती हैंसूत्रों का यूज सही तरीके से करेंन्यूमेरिक को सॉल्व करने के बाद जो आंसर आता है, उसके साथ उसकी यूनिट अवश्य लिखें वरना नंबर कट जाएंगेरे डायग्राम को पेंसिल और स्केल की सहायता से बनाएं और उसका एरो जरूर दर्शाएं, वरना नंबर कट जाएंगेसवालों से मिलते जुलते ही जवाब होने चाहिए वरना नंबर कट जाते हैंगणना करने में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए, इससे गलत आंसर प्राप्त होता हैएक साथ एक सेक्शन के आंसर लिखने चाहिएआंसर लिखते समय क्वेश्चन संख्या जरूर लिखेंस्टूडेंट को आंसर लिखते समय मेन प्वाइंट को हाइलाइट जरूर करना चाहिए, वरना उसे गलत मान लिया जाता हैइसके साथ ही मेन प्वाइंट की स्पेलिंग सही होनी चाहिएआंसर लिखते समय पैराग्राफ बदलना ना भूलें, इससे नंबर कट जाएंगेकई स्टूडेंट पी और सी लिखते समय मिस्टेक करते हैं, यह हर बार एग्जाम में देखने को मिलता हैइसे सही ढंग से लिखें.

कोमल चौरसिया, इंग्लिश टीचर, गुरुनानक इंग्लिश स्कूल, सीबीएसई

मेन प्वाइंट को करें हाईलाइट

कॉपियां जांचने के दौरान देखने को मिलता है कि बच्चे वे क्वेश्चन जो उन्हें आ रहा है, उसी पर पूरा फोकस कर देते हैंजो क्वेश्चन उन्हें नहीं आता है, उसको पूरी तरह इग्नोर कर देते हैं, जबकि बच्चों को हर क्वेश्चन को टच जरूर करना चाहिएअगर बच्चा सही दिशा में आंसर लिखने का प्रयास किया है तो उसे नंबर दिए जाते हैंफार्मूला और कैलकुलेशन में मिस्टेक होती हैलेकिन पेनिक नहीं होना चाहिए, अगर सवाल के इर्द गिर्द आंसर लिखने का प्रयास किया गया है तो उस पर नंबर दिए जाते हैंएग्जामिनर को घुमाने का प्रयास नहीं करना चाहिए, इससे भी नंबर कट जाते हैंहेड राइटिंग पर अलग से नंबर दिया जाता है, इसलिए उस पर ध्यान दें.

-अजहर अंसारी, मैथ टीचर, यूपी पब्लिक स्कूल, सीबीएसई

यूपी बोर्ड के स्टूडेंट के लिए

आंसर शीट के पहले पेज पर दिए गए इंस्ट्रक्शन को जरूर पढ़ें

स्टूडेंट आंसर क्रमांक सही रूप से नहीं लिखते हैं, जिससे एग्जामिनर को असुविधा का सामना करना पड़ता है और बच्चों के नंबर कट जाते हैंस्टूडेंट को रोल नंबर आंसर बुक के कवर पेज पर स्पष्ट रूप से लिखना चाहिएइसके साथ ही कॉपी के पहले पेज पर दिए गए इंस्ट्रक्शन को जरूर पढऩा चाहिएसबसे खास बात ये है कि इस बार क्वेश्चन का पैटर्न काफी बदल गया हैसेलेबस से कुछ टॉपिक हटा दिए गए हैं, जिसकी जानकारी बच्चों को नहीं हैइसलिए एग्जाम की तैयारी में इस टॉपिक पर ध्यान ना देंग्राफ बनाते समय हमेशा पेंसिल का यूज करना चाहिए, पेन का इस्तेमाल नंबर कटवा देता हैहमेशा रफ कार्य पेज के एक तरफ मार्जिन बनाकर करना चाहिएआप्शनल क्वेश्चन में दोनों सवालों के आंसर देने पर केवल एक का ही नंबर दिया जाता हैबहुविकल्पीय सवालों के आंसर साफ लिखना चाहिएक्वेश्चन के नंबर के अनुसार ही उसका आंसर भी लिखना चाहिएबच्चे टाइम मैनेजमेंट का ज्यादा ध्यान रखेंजितना ज्यादा हो लिखकर तैयारी करें

मिथलेश कुमार पांडेय, फिजिक्स टीचर, क्वींस इंटर कॉलेज

केमेस्ट्री में इस तरह मिलेंगे अच्छे माक्र्स

स्टूडेंट को बोर्ड एग्जाम में केमेस्ट्री के पेपर में कुछ विशेष बातों पर ध्यान देना चाहिए, जैसे आंकिक सवालों के आंसर में सभी स्टेप्स को अच्छे से लिखेंपरिभाषा लिखते समय यदि आवश्यक हो तो समीकरण भी लिखेंकार्बनिक रसायन के क्वेश्चन के आंसर आवश्यक रासायनिक समीकरण को देते हुए लिखेंप्रत्येक क्वेश्चन के लिए निर्धारित माक्र्स के आधार पर आंसर लिखेंयदि क्वेश्चन का निर्धारित माक्र्स तीन या चार अंक हो तो आंसर टू दी प्वाइंट ही देंज्यादा लेंदी करने की जरूरत नहीं हैइस बात का खास ध्यान रहे कि आंसर सरल भाषा में लिखा जाना चाहिएअनावश्यक बातें जिनका क्वेश्चन से संबंध ना हो, वह नहीं लिखेंकेमिकल में मेन रिएक्शन पर बच्चे ज्यादा ध्यान दें.

कुंज बिहारी मौर्या, केमेस्ट्री टीचर, क्वींस इंटर कॉलेज

फरवरी से सभी बोर्ड के एग्जाम

सीबीएसई बोर्ड एग्जाम चलेंगे - 15 फरवरी से 2 अप्रैल तक

यूपी बोर्ड एग्जाम - 22 फरवरी से 9 मार्च तक

सीआईएससीई बोर्ड एग्जाम - 12 फरवरी से 3 अप्रैल तक