गंावों में महिलाओं को मजबूत कर उनमें एंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देने के साथ उनके बनाए उत्पादों को बाजार देने के इरादे से सैटरडे को बैराज रोड के पास नाबार्ड शरद मेला लगाया गया. फिक्की फ्लो नाबार्ड और आईआईटी कानपुर की पहल पर संयुक्त रूप से यह मेला लगा. जिसका उद्घाटन कमिश्नर डॉ.राजशेखर ने किया. मेले में महिलाओं के सेल्फ हेल्प गु्रप्स की ओर से तैयार किए गए अलग-अलग आर्गेनिक प्रोडक्ट्स काफी पसंद किए गए.


कानपुर (ब्यूरो) कमिश्नर ने खुद कई स्टॉल्स पर जाकर उत्पादों को देखा और सराहा। साथ ही माहौल को देखते हुए उन्होंने मिट्टी के दिए भी बना कर दिए। मेले में आई महिलाओं ने कई ग्रामीण व्यंजनों को भी तैयार कर उसका स्वाद चखाया। मेले में मिट्टी के खिलौने से लेकर मेंहदी और आर्टिफीशियल ज्वैलरी भी है। 87 अलग-अलग तरह के उत्पादों में कपड़े, कास्मेटिक का सामान, खाने पीने का सामान भी है। फिक्की फ्लो की ओर से इस प्रोजेक्ट को डॉ.आरती गुप्ता हेड कर रही हैं। कार्यक्रम के दौरान फिक्की फ्लो कानपुर चैप्टर की चेयरपर्सन कनिका वैद्य, डॉ.अनुराधा वाष्र्णेय, अर्चना खेतान, मीनू झुनझुनवाला, नाबार्ड के डेवलपमेंट मैनेजर सुमन शुक्ला प्रमुख रूप से मौजूद रहीं।

Posted By: Inextlive