- खुलेआम चल रहीं डग्गामार बसें व काले ऑटो

- कमिश्नर के निर्देश के बाद भी नहीं लगी रोक

- आरटीओ ने मांगी एक हफ्ते की मोहलत

GORAKHPUR: सिटी में अवैध रूप से चल रहे काले ऑटो व डग्गामार बसों पर रोक लगाने के लिए आरटीओ का अभियान बेअसर साबित हो रहा है। इसे लेकर कमिश्नर व डीएम भी नाराज हैं। इसी का नतीजा है कि ऐसे वाहनों पर रोक लगाने के लिए आरटीओ को एक हफ्ते का अल्टीमेटम दिया गया है।

दोबारा लगने लगीं डग्गामार बसें

ट्रैफिक सिस्टम को सिस्टमैटिक व जाममुक्त बनाने के लिए कमिश्नर के निर्देश पर बीते एक जनवरी से अभियान चलाना तय हुआ था। इसके तहत सिटी में काले ऑटो व डग्गामार बसों पर पूरी तरह रोक लगानी था, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। सख्त निर्देश के बाद भी डग्गामार बसें रोडवेज व कचहरी बस स्टेशन पर फिर से लगने लगी हैं। कमिश्नर की फटकार के बाद आरटीओ ने प्रशासन से इस पर एक सप्ताह का समय मांगा है। सिटी में काले ऑटो व डग्गामार बसों की एंट्री पर पूरी तरह रोक लगाई जानी है।

रोडवेज कलर में चल रहीं डग्गामार

रोडवेज के एआरएम महेश चंद के मुताबिक डग्गामार बसें फिर से चलना शुरु हो गई हैं। उन्होंने कहा कि बीते दिनों आई नेक्स्ट की ओर से डग्गामारी के खिलाफ चलाए गए अभियान का काफी असर दिखा था। लेकिन कुछ ही दिन बाद रोडवेज के पास डग्गामार बसें फिर से लगना शुरु हो गईं। बुधवार को रोडवेज की ओर से चार और डग्गामार बसों की लिस्ट तैयार कर आरटीओ व पुलिस को सौंपी गई है। यह चारों बसें रोडवेज कलर में चल रही हैं।

आरटीओ की ओर से लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए दोनों एआरटीओ को सख्त निर्देश दिया गया है कि काले ऑटो व डग्गामार बसों पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।

एके गुप्ता- आरटीओ, एनफोर्समेंट