जाम में फंस गई जाम से बचाने वाली एलिवेटेड रोड

Updated Date: Sun, 15 Dec 2019 05:45 AM (IST)

- हैदरगंज-मीना बेकरी एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य संकरी रोड की वजह से अटका

- निर्माण में अड़चन बन रही 242 दुकानों का अगला हिस्सा तोड़ने का आदेश

LUCKNOW : जाम से निजात दिलाने के लिये बनाई जा रही हैदरगंज-मीना बेकरी एलिवेटेड रोड आगे बढ़ाकर बनाई गई दुकानों के चलते खुद 'जाम' में फंस गई है। हैदरगंज तिराहे से बुलाकी अड्डा के बीच बनी 242 दुकानों की वजह से एलिवेटेड रोड का काम अटक गया है। लिहाजा अब इन दुकानों के अगले हिस्से तोड़ने का आदेश दिया गया है। हालांकि, इस आदेश पर व्यापारियों में भारी रोष है। बावजूद इसके कार्रवाई के डर के चलते दुकानदारों ने अपनी दुकानों को खुद ही तोड़ना शुरू कर दिया है।

नहीं शुरू हो पा रहा काम

हैदरगंज-मीना बेकरी एलिवेटेड रोड का निर्माण करा रहे सेतु निगम के चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर संदीप गुप्ता ने बताया कि एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य मिल एरिया चौकी की ओर से शुरू किया गया था। करीब दो दर्जन पिलर्स की पाइलिंग का काम भी पूरा हो चुका है। हालांकि, बुलाकी अड्डा पहुंचते ही यह काम अटक गया है। दरअसल, बुलाकी अड्डा से हैदरगंज तिराहा के बीच दुकानदारों ने अपनी दुकानें रोड पर बढ़ाकर बना रखी हैं। जिसकी वजह से रोड बेहद संकरी है। अतिक्रमण की वजह से लेसा भी खंभे व तार पीछे नहीं शिफ्ट कर पा रहा। ऐसी स्थिति में एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य संभव नहीं है। जिसकी वजह से काम रुक गया है।

एक तरफ 40 फीट खाली करनी होगी रोड

एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य प्रभावित होने से अधिकारी हरकत में आ गए हैं, जिसके बाद सेतु निगम, लेसा व नगर निगम के अधिकारियों ने मौके का मुआयना किया। इसके बाद तय किया गया कि डिवाइडर से दोनों ओर 40 फीट रोड खाली करनी होगी। तभी काम शुरू हो सकेगा। वहीं नगर निगम की ओर से डिवाइडर से 40 फीट के दायरे में आ रही दुकानों को तोड़ने का आदेश जारी कर दिया गया। नगर निगम ने दुकानदारों को नोटिस थमाया तो दुकानदारों ने प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद अधिकारियों व व्यापारियों के बीच वार्ता हुई, जिसमें अधिकारियों ने बताया कि अतिक्रमण को बिना हटाए बात बनने वाली नहीं है। यह भी बताया कि अगर दुकानदार खुद अतिक्रमण को हटा लें तो ठीक वरना अगर नगर निगम अतिक्रमण हटाएगा तो उसका शुल्क भी उनसे वसूला जाएगा। जिस पर व्यापारियों ने खुद ही दुकानें तोड़ने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

बॉक्स

जनवरी से शुरू होगा काम

चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर संदीप गुप्ता ने बताया कि व्यापारियों से वार्ता के बाद दुकानदार खुद ही अतिक्रमण हटा रहे हैं। अगले सप्ताह तक यह अतिक्रमण हट जाएगा। इसके बाद लेसा खंभों व तार को शिफ्ट कराने का काम शुरू करेगा। उम्मीद है कि दिसंबर के अंत तक लेसा का काम पूरा हो जाएगा। जिसके बाद जनवरी के पहले सप्ताह में एलिवेटेड रोड का काम फिर से शुरू हो जाएगा।

वर्जन।

हमारी दुकानें कई दशक से इसी हद में हैं। आज तक किसी ने भी इसे अतिक्रमण नहीं कहा, लेकिन अब अधिकारी इसे अतिक्रमण बता रहे हैं। जो जगह व्यापारी छोड़ रहे हैं उसका मुआवजा मिलना चाहिये।

दाऊ दयाल अग्रवाल

एलिवेटेड रोड की वजह से कई दुकानें 15 फीट पीछे की जा रही हैं। कई दुकानों की गहराई ही 10 फीट की है, लिहाजा तोड़फोड़ के बाद उन दुकानों का अस्तित्व ही खत्म हो जाएगा। ऐसे में उन व्यापारियों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।

मो। अकील अंसारी

सरकार को कोई योजना बनाने से पहले सोचना चाहिये कि इसकी वजह से जो दुकानदार विस्थापित होंगे, उनका क्या होगा। जिन दुकानदारों की दुकानें इसकी वजह से खत्म हो रही हैं, उनका इंतजाम सरकार को तुरंत करना चाहिये।

दीपक कुमार गुप्ता

कई दुकानें 20 फीट गहरी हैं, तोड़फोड़ के बाद उनकी गहराई 4 से 5 फीट ही बचेगी। ऐसे में इन दुकानों में व्यापार कैसे होगा। इसका मुआवजा व दूसरी जगह दुकान का प्रबंध सरकार करे।

रिजवान सिद्दीकी

Posted By: Inextlive
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.