एसटीएफ प्रयागराज को बड़ी सफलता मिली है. टीम ने महाराजपुर इलाके में आलू के बोरों में छिपा कर ले जाई जा रही 765 पेटी शराब पकड़ी है. शराब हरियाणा से तस्करी कर बिहार ले जाई जा रही थी. बरामद शराब की कीमत 80 लाख रुपये बताई गई. एसटीएफ प्रभारी उपनिरीक्षक रणेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि टीम महराजपुर में मूवमेंट पर थी.

कानपुर (ब्यूरो)। एसटीएफ प्रयागराज को बड़ी सफलता मिली है। टीम ने महाराजपुर इलाके में आलू के बोरों में छिपा कर ले जाई जा रही 765 पेटी शराब पकड़ी है। शराब हरियाणा से तस्करी कर बिहार ले जाई जा रही थी। बरामद शराब की कीमत 80 लाख रुपये बताई गई। एसटीएफ प्रभारी उपनिरीक्षक रणेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि टीम महराजपुर में मूवमेंट पर थी। इसी दौरान जानकारी मिली कि चण्डीगढ़ से एक ट्रक में लदी हुई अवैध अंग्रेजी शराब बिहार नेशनल हाईवे कानपुर-फतेहपुर हाईवे के रास्ते से ले जायी जा रही है। नेशनल हाईवे स्थित हीरो होण्डा वर्कशॉप के सामने नरवल मोड़ पर पहुंचकर वाहन का इन्तजार करने लगे। कुछ देर में निकले वाहन की चेकिंग की गई तो 150 आलू की बोरियों के बीच अवैध अंग्रेजी शराब की 765 पेटियों को छिपाकर रखा गया था। मौके से ड्राइवर को गिरफ्तार किया गया।


एक चक्कर का एक लाख
इनवेस्टिगेशन पर अंबाला निवासी उदयभान ने बताया कि उन लोगों का अंग्रेजी शराब की तस्करी का एक गैैंग है। उसे एक चक्कर का एक लाख रुपये दिया जाता है। गैैंग का मुख्य सरगना मनवीर सिंह उर्फ मनु निवासी रायपुर खुर्द, चण्डीगढ़ है। उसका सहयोगी पवन कुमार गुर्जर निवासी खेराती खेड़ा फतेहाबाद, हरियाणा है।

पवन ने ये शराब जीरखपुर, चण्डीगढ़ से पटना, बिहार भेजी है। मनवीर व पवन ने गोदाम से वाहन में शराब लोड कराकर लाकर उन्हें शहर के किनारे दे दी थी। चण्डीगढ़ के सप्लायर मनवीर सिंह व उसके सहयोगी पवन कुमार और पटना, बिहार के स्थानीय शराब तस्करों की आपस में बात होती है। इसलिये उनके बारे में इसे कोई जानकारी नहीं है। बिहार पहुंचने पर ड्राइवर को मनवीर को जानकारी देनी थी। उसके बाद शराब लेने वाले आ जाते।

Posted By: Inextlive