The Burning Britain

2011-08-10T18:38:41Z

ब्रिटेन के तीन और शहरों में फैले दंगे कैमरुन ने बीच में छोड़ी अपनी छुट्टियां पूरा ब्रिटेन ‘बर्निंग ब्रिटेन’ में तब्दील होता जा रहा है तमाम कोशिशें के बावजूद अभी तक दंगों पर लगाम नहीं लग रही है

ब्रिटेन में हालात लगातार खराब होते जा रहे हैं. तमाम कोशिशें के बावजूद अभी तक दंगों पर लगाम नहीं लग रही है. लंदन के टोटेनहम से शुरू हुआ दंगों का सिलसिला धीरे-धीरे देश के दूसरे हिस्सों को भी अपनी चपेट में लेता जा रहा है. हैकने से क्रॉयडन तक टीनेजर्स के गैंग ने जबर्दस्त लूटपाट मचाई है. वह पुलिस से भी उलझ रहे हैं और जगह-जगह कारों में आग लगाकर रोड ब्लॉक कर दे रहे हैं. इस तरह पूरा ब्रिटेन ‘बर्निंग ब्रिटेन’ में तब्दील होता जा रहा है. आईए देखें किन शहरों तक पहुंच चुकी है दंगों की आग और क्या हैं हालात...
Hackney

यहां पर नेक्स्ट इयर लंदन ओलंपिक आयोजित होने हैं. यहां पर लुटेरे बेखौफ होकर घटना को अंजाम दे रहे हैं. यहां पर शाम के समय साइकिलों पर सवार बेटन्स से लैस लोगों ने एक खचाखच भरी लंदन बस को निशाना बनाया. अटैकर्स में कुछ की उम्र तो करीब आठ साल थी. इन लोगों ने पास की एक दुकान से चुराई शैंपेन की बॉटल्स बस पर फेंककर ड्राइवर को बस रोकने पर मजबूर कर दिया. बस के बहुत से यात्री तो भागने में कामयाब रहे, मगर कुछ सडक़ों पर गिर पड़े. इसके अलावा पेंबुरी एस्टेट में दंगाइयों ने चार कारों को आग के हवाले कर दिया. कहा जा रहा है कि यहां पर ब्लैक लोग व्हाइट लोगों को निशाना बना रहे हैं, मगर कुछ जगहों पर व्हाइट लोगों को भी दंगा करते हुए देखा गया है.
Claphama 
यहां करीब 200 टीनेजर्स ने साउथ-वेस्ट लंदन में क्लैफम जंक्शन की शॉपिंग स्ट्रीट की स्टोर्स में लूटपाट की. लैवेंडर हिल में दंगाइयों ने एक प्लाज्मा टीवी भी तोड़ी. आईविटेनसेज ने बताया कि दंगाइयों ने कुछ दुकानों की खिड़कियां तोडक़र चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया. चोरों के निशाने पर जेडी स्पोट्र्स की ब्रांचेज, डेबेनहेम्स और फूट लॉकर थीं. इसके अलावा मोबाइल फोन शॉप्स पर भी दंगाइयों का कहर टूटा. यहां भी दंगाइयों में यूथ ही शामिल थे.
Camden
लुटेरों ने गलियों में लूटपाट की और कैमडेन टाउन के बहुत से एरियाज को बंद कर दिया. सैन्सबरी और इवांस साइकिल में तोडफ़ोड़ को देखते हुए चाक फार्म रोड को बंद कर दिया गया.
Croydon
सोमवार की रात आग से एक फर्नीचर स्टोर जलकर नष्ट हो गया. हाउस ऑफ रीव्स से उठता काला धुआं साउथ लंदन से देखा जा सकता था. वारिंगटन रोड पर एक 26 साल का शख्स गोलियों से घायल पड़ा था. उसे साउथ लंदन के हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया. पुलिस उसके हमलावरों को तलाश रही थी. यहां से पुलिस ने 20 साल के दो लोगों को अरेस्ट भी किया. डबल डेकर बस और कुछ कारों को भी नुकसान पहुंचाया गया. चाकुओं से लैस यूथ के गैंग ने कुछ कारों को भी निशाना बनाया.
Peckhama
यहां पर एक दुकान में आग लगा दी गई थी. दुकान के नीचे फ्लैट में रहने वालों को जलने और सांस में तकलीफ के बाद हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया. सैकड़ों की संख्या में टीनेजर्स ने इस दुकान में तोडफ़ोड़ की और फिर आग लगा दी. री लेन में पुलिस वालों का एक दस्ता असहाय खड़ा देखा गया. एक महिला ने बताया कि उसके हसबैंड को 12 लडक़ों ने बाइक से खींच लिया और पीटा. उसके बाद उनकी बाइक भी छीन ली. 
Enfield
40 फायरफाइटर्स एक बिल्डिंग में लगी आग बुझाने में लगे थे. बताया गया है कि यह बिल्डिंग सोनी सीडी डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर है. इसके अलावा नॉर्थ-ईस्ट एनफील्ड में 20 लुटेरों ने लूटपाट की. 
इसके अलावा नॉटिंग हिल, केनिंगसटन, वुलविच और लेविसहैम, ब्रिस्टल समेत कई शहरों में दंगाइयों ने कहर बरपाया.  
लूट सके तो लूट
ब्रिटेन में दंगों के दौरान जबर्दस्त ढंग से लूटपाट मची हुई है. लुटेरे महंगी चीजों पर हाथ साफ कर रहे हैं. घटना के कुछ वीडियोज दिखाते हैं कि कुछ लोग प्लाज्मा टीवी, लैपटॉप्स, और स्पोट्र्स क्लोथ्स चुराने पर जोर दे रहे हैं. एक रिपोर्ट के मुताबिक दंगों में शामिल कम उम्र के लडक़े ऐसा कर रहे हैं. वह महंगे शोरूम्स और सुपरमार्केट्स में तोडफ़ोड़ कर रहे हैं और वहां जो कुछ उनके लायक मिल रहा है उसे उठा ले जा रहे हैं.
‘दंगाइयों को छोड़ेंगे नहीं’
ब्रिटेन के पीएम डेविड कैमरुन ने कहा कि दंगे के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. इटली में छुट्टियों को बीच में ही छोडक़र स्वदेश लौटे कैमरुन ने कहा कि दंगे के दोषियों को उनके किए के मुुताबिक सजा दी जाएगी और सरकार भी कानून के मुताबिक कार्रवाई करने को प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि इस अस्थिरता के लिए जो लोग जिम्मेदार हैं, उनके खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी. यह विशुद्ध रूप से अपराध है और ऐसे लोगों को पराजित किया जाएगा.
खतरे में खिलाड़ी
भारत और ब्रिटेन के बीच 10 अगस्त से बर्मिंघम में शुरू हो रहे मैच पर भी संकट के बाद छा रहे हैं. जब हालात बिगड़ रहे थे भारतीय टीम दंगे वाली जगह के पास ही बर्मिंगम सिटी हॉल में एक प्रोग्राम में भाग ले रही थी. हालात को देखते हुए तुरंत टीम वापस अपने होटल मैरियट पहुंच गई.  दोनों देशों की टीमें होटल में ही सीमित हैं.  हालात को देखते हुए कई क्रिकेटर्स ने होटल से ट्वीट के जरिए हालात की जानकारी दी. उधर, 2012 में होने वाले ओलंपिक गेम्स की सिक्योरिटी पर भी सवाल खड़े हुए हैं.


Posted By: Divyanshu Bhard

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